मौसम क्रिकेट ऑपरेशन सिंदूर क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश विदेश राशिफल लाइफ - साइंस आध्यात्मिक अन्य

CG – बीच सड़क बच्चों ने वित्त मंत्री ओपी चौधरी को घेरा, हाथ पकड़कर ले गए अपने साथ, फिर जो हुआ….. देखते रह गए लोग…..

रायपुर। छत्तीसगढ़ में नगरीय निकाय के चुनाव हैं। अपने प्रत्याशियों को जीताने के लिए पार्टी के नेता खुद सड़क पर उतरे हुए हैं। यहां तक की मंत्रियों ने भी अपने-अपने इलाकों में कमान संभाली हुई है। प्रदेश के वित्त मंत्री ओपी चौधरी भी अपने विधानसभा क्षेत्र रायगढ़ में लगातार प्रचार कर रहे हैं। इसके अलावा प्रदेश के अन्य जिलों में भी जा रहे हैं। जब वे रायगढ़ में घूम रहे थे और चुनावी सभा में पहुंचे, तब बड़ी संख्या में बच्चों की टीम ओपी चौधरी के पास पहुंच गई।

इस दौरान बच्चों ने उन्हें घेर लिया,फिर उनका हाथ पकड़कर अपने साथ ले गए और ओपी चौधरी जिंदाबाद के नारे लगाने लगे। बच्चों की खुशी का ऐसा नजारा देख वहां मौजूद लोगों ने भी नारे लगाने शुरू कर दिए। वित्त मंत्री ने भी इस नजारे का वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट कर लिखा है कि बच्चों की सच्ची और मासूम दुनिया में उनके संग खेल-खेल में बिताए पल अनमोल हो जाते हैं।

56 ब्राह्मण बटुकों का विधि विधान से हुआ उपनयन संस्कार – समग्र ब्राह्मण परिषद् छत्तीसगढ़ का आयोजन

रायपुर -: ब्राह्मण सामाजिक संस्था समग्र ब्राह्मण परिषद् छत्तीसगढ़ द्वारा रायपुर के पुरानी बस्ती स्थित सिद्धपीठ श्री महामाया देवी मंदिर के सत्संग भवन में रविवार 9 फरवरी को प्रदेश स्तरीय सामूहिक उपनयन संस्कार का आयोजन किया गया. इस आयोजन में प्रदेश के विभिन्न जिलों के 56 ब्राह्मण बटुकों को शास्त्रोचित विधि विधान से जनेऊ धारण करवाया गया.

संगठन की सचिव श्रीमती अर्चना दीवान एवं आयोजन प्रभारी पं.उमाकांत तिवारी ने कार्यक्रम की जानकारी देते हुये कहा कि सामाजिक स्वजनों की सहभागिता के आधार पर समग्र ब्राह्मण परिषद् छत्तीसगढ़ द्वारा विगत तीन वर्षों से प्रदेश स्तरीय सामूहिक उपनयन संस्कार का आयोजन किया जा रहा है. इस आयोजन को सुचारु रूप से संचालित करने के लिये कार्यक्रम के लिये बटुकों की संख्या निर्धारित रखी जाती है, जिससे एक दिवसीय इस आयोजन को व्यवस्थित ढंग से संपन्न किया जा सके. छत्तीसगढ़ में सूर्योदय एवं सूर्यास्त के आधार पर निर्मित श्रीदेव पंचाग के उपनयन मुहुर्त की तिथि में इसका आयोजन किया जाता है ताकि शास्त्रोचित परंपरा का पालन हो.

संगठन के प्रदेशाध्यक्ष डा.भावेश शुक्ला “पराशर” ने आज के कार्यक्रम के संबंध में विस्तारपूर्वक बताया कि उपनयन संस्कार के प्रारंभ में सभी बटुकों की माताओं द्वारा चुलमाटी की रस्म निभाई गयी, इसके बाद बटुकों के माता-पिता तत्पश्चात् बटुक द्वारा गौरी-गणेश, मंडप आदि देव पूजन किया गया. इस अवसर पर बटुकों को पीसी हुई कच्ची हल्दी से हरिद्रालेपन कर बटुक परिजनों द्वारा आपस पारंपरिक चिकट का कार्य संपन्न हुआ. सभी बटुकों के लिये प्रतिनिधि रुप में मुख्य मंडप में मातृकापूजन होने के बाद सभी बटुकों को नहडोरी विधि उपरांत मुंडन करवाकर स्नान करवाया गया. स्नान के बाद सभी बटुकों ने आचार्यों के साथ अष्ट ब्राह्मण भोज के अंतर्गत भोजन किया.

संस्कार के दूसरे चरण में आचार्य लक्ष्मण तिवारी सहित पं.हेमन्त नंदे, पं.आयुष त्रिपाठी, पं.मुक्तेश्वर तिवारी,पं.पीयूष शर्मा, पं.नवीन तिवारी,पं.हर्ष शर्मा, पं.केशव दुबे आदि आचार्यों द्वारा बटुकों को मेखला, दंड आदि धारण करवाकर जनेऊ पहनाया गया. हवन कर शिक्षा, दीक्षा आदि ग्रहण करने के बाद सभी ब्राह्मण बटुकों ने “भवति भिक्षां देहि” बोलते हुये भिक्षा मांगी. कार्यक्रम के अंत में सभी बटुकों ने नये वस्त्र के रुप में पीला कुर्ता, सफेद पायजामा आदि पहनकर दू्ल्हे की भांति तैयार हुये और देव दर्शन के लिये आतिशबाजी एवं गाजे बाजे के साथ बटुकों की बारात ने श्री महामाया देवी मंदिर सत्संग भवन से सरस्वती चौक, जैतुसाव मठ, महावीर अखाड़ा, प्राचीन बावली वाले श्री हनुमान मंदिर, नागरीदास मंदिर से वापस श्री महामाया मंदिर तक का भ्रमण किया.

उपनयन संस्कार के महत्व के विषय में जानकारी प्रदान करते हुए संगठन के कार्यकारी प्रदेशाध्यक्ष पं.रिछारिया एवं प्रदेश उपाध्यक्ष विवेक दुबे ने बताया कि सनातन धर्म में कुल सोलह संस्कार होते हैं इसमें उपनयन संस्कार यानी जनेऊ संस्कार को दसवां स्थान प्राप्त है. इसे यज्ञोपवीत संस्कार भी कहा जाता है. यज्ञोपवीत या जनेऊ धारण करने वाले को यज्ञ और स्वाध्याय करने का अधिकार प्राप्त हो जाता है. यही वजह है कि सनातन धर्म में जनेऊ संस्कार बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है. यज्ञोपवीत या जनेऊ धारण करने से त्रिदेव का आशीर्वाद मिलता है. जब माता-पिता अपने बच्चों को शिक्षा के लिए भेजते हैं, तब दीक्षा दी जाती थी. सनातन धर्म में दिशाहीन जीवन को एक दिशा देना ही दीक्षा माना जाता है. दीक्षा का अर्थ संकल्प है. किसी भी व्यक्ति को दीक्षा देने का अर्थ दूसरा जन्म और व्यक्तित्व देना है. आज के समय में भी उपनयन संस्कार का महत्व है. हालांकि, इसकी प्रक्रिया में कुछ बदलाव देखने को मिलते हैं. अब गुरुकुल शिक्षा प्रणाली की जगह औपचारिक विद्यालयों में जाकर बच्चे पढ़ाई आरंभ करते हैं. इसके बावजूद यह संस्कार बालक के जीवन में एक नई शुरुआत का प्रतीक होता है.

संगठन के प्रदेश संयुक्त सचिव पं.सजल तिवारी एवं रायपुर शहर मातृशक्ति परिषद् की श्रीमती कालिंदी उपाध्याय, श्रीमती खुशबू शर्मा ने बताया कि संगठन द्वारा “उपनयन संस्कार” के सफलतम आयोजन का यह चौथा वर्ष है. इस वर्ष भी प्रदेश के रायपुर सहित जांजगीर, सारंगढ़, बेमेतरा, खैरागढ़, कांकेर, दुर्ग, कबीरधाम, राजनांदगांव आदि विभिन्न जिलों से आये ब्राह्मण बटुकों का उपनयन संस्कार कराया गया है.

इस आयोजन में पं.श्रीकांत तिवारी, श्रीमती अमिता मिश्रा, श्रीमती भारती शर्मा, श्रीमती नमिता शर्मा, सुश्री आयुषी शर्मा, पं.शैलेन्द्र शर्मा, पं.विजय पांडेय, श्री क्रांति कुमार अग्रवाल, पं.गौरव मिश्रा, श्री रिखीराम यादव पं.चक्रेश तिवारी, सहित श्री महामाया देवी मंदिर सार्वजनिक ‌न्यास का विशेष सहयोग प्राप्त हुआ.

प्रात: 8 बजे से सायं 6 बजे तक चले इस आयोजन में श्रीमती प्रमिला तिवारी, डा.श्रीमती आरती उपाध्याय, पं.रामानुज तिवारी, श्रीमती राजेश्वरी शर्मा, श्रीमती संध्या उपाध्याय, श्रीमती कीर्तिका तिवारी, श्रीमती अनुसुईया झा, श्रीमती स्वाति मिश्रा, पं.संजय शर्मा, पं.गोपालधर दीवान, पं.अनुराग त्रिपाठी, पं.अखिलेश त्रिपाठी पं.कमलेश तिवारी, श्रीमती बिंदु तिवारी, श्रीमती स्वाति शर्मा, श्रीमती सीमा दुबे, पं.आयुष उपाध्याय, पं.पृथ्वी दुबे, पं.अमित जोशी, पं.तुषार पांडेय सहित छत्तीसगढ़ प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों के संगठन प्रतिनिधि उपस्थित थे.

CG ब्रेकिंग : छत्तीसगढ़ की इस IAS को मिली बड़ी जिम्मेदारी, भारत सरकार में संभालेंगी डिप्टी सेक्रेटरी का पद, DOPT ने भेजा अप्वॉइंटमेंट ऑर्डर….

रायपुर। 2014 बैच की छत्तीसगढ़ कैडर की आईएएस अधिकारी रिचा प्रकाश चौधरी को केंद्र में बड़ी जिम्मेदारी देते हुए वाणिज्य विभाग में उप सचिव नियुक्त किया गया है। दुर्ग कलेक्टर और 2014 बैच की भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) अधिकारी ऋचा प्रकाश चौधरी अब केंद्र सरकार में अपनी सेवाएं देंगी। केंद्र सरकार ने उन्हें डिप्टी सेक्रेटरी के पद पर नियुक्त करने का निर्णय लिया है। इस संबंध में कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DOPT) द्वारा अप्वॉइंटमेंट ऑर्डर छत्तीसगढ़ सरकार को भेज दिया गया है।

DOPT की तरफ से चीफ सेक्रेटरी को भेजे लेटर के मुताबिक 3 सप्ताह के भीतर ऋचा प्रकाश चौधरी को ज्वाइन करने होगा।

बता दे की 2014 बैच की IAS ऋचा प्रकाश चौधरी दुर्ग कलेक्टर बनने से पहले जांजगीर जिले की कलेक्टर थी। विष्णुदेव सरकार में उन्हें जांजगीर से दुर्ग कलेक्टर बनाया गया था।

आपको बता दें दुर्ग कलेक्टर से पहले धमतरी कलेक्टर नम्रता गांधी की केन्द्र सरकार में पोस्टिंग हो चुकी हैं। दोनों ही कलेक्टरों को पंचायत चुनाव निपटने के बाद रिलीव किया जा सकता है।

चुनावी शोर थमने के बाद जीत की तलाश, वोटरों के घरों में दस्तक दे उम्मीदवार।


लखनपुर सितेश सिरदार:- छत्तीसगढ़ राज्य चुनाव आयोग के निर्देशानुसार 24 घंटे पहले नगर पंचायत लखनपुर में चुनावी शोर थमने के साथ ही प्रचार प्रसार स्फूर्त बंद हो गया है,11 फरवरी दिन मंगलवार को सबेरे 8 बजे से शाम 5 बजे तक बनाये गये सभी पोलिंग बूथों में मतदान होना सुनिश्चित है। मतदान दल एक रोज पहले अपनी आमद बूथो में दे दिया है।अब
अध्यक्ष एवं पार्षद पद के उम्मीदवार नगर वासियों के घरों में दस्तक देते घोषणा पत्र के आधार पर जोड़-तोड़ करके अपने पक्ष में वोट मांग रहे हैं।बता दें कि जैसे जैसे वोट डालने का समय नजदीक आता जा रहा है दलगत अध्यक्ष पार्षद पद प्रत्याशीयों के दिल की धड़कनें तेज होती जा रही है मंदिर मस्जिद देवालयों में माथा टेक अपने जीत के लिए मन्नतें मान रहे हैं। साथ ही पार्टी समर्थक अपने चहेते उम्मीदवारो के साथ वार्डवासियों के बीच पहुंच वोटिंग मशीन में किस नम्बर में चुनाव चिन्ह है के बारे में बताते हुए अपने पक्ष में वोट मांग रहे हैं। सियासी पंडित हार-जीत पर भविष्य वाणी करते व्याख्यान दे रहे हैं,नगर पंचायत में किसकी सरकार बनेगी और किस पार्टी के उम्मीदवार के सिर जीत का सेहरा बंधेगा इन सब बातों को लेकर नगर के चौक चौबारों में अटकलों का बाजार गर्म है। गली गलियारों में लोग किसको कितना वोट मिल सकते हैं हार-जीत की ही बात करते नजर आ रहे हैं,फिलहाल लोगों के कपोल कल्पना का यह ख्याली सफर मतदान होने के बाद नतीजा आने तक आगे जारी रहने के आसार साफ नजर आने लगा है । चुनाव सम्पन्न होने तक शांति व्यवस्था बनाए रखने पुलिस बल सक्रिय है।

CG – पंचतत्व में विलीन हुए STF जवान, 3 साल की मासूम बेटी ने दी मुखाग्नि, हर आंखों से छलके आंसू…..

बालोद। छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में पुलिस और नक्सलियों के बीच हुई मुठभेड़ में 31 नक्सलियों को मार गिराने में जवानों को जहां सफलता हाथ लगी है, वहीं इस मुठभेड़ में दो जवानों की शहादत भी हुई है। मुठभेड़ के दौरान शहीद STF जवान वसीत कुमार रावटे का आज उनके गृहग्राम फागुनदहा में अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान 3 साल की मासूम बेटी ने पिता को मुखाग्नि दी, जिससे वहां मौजूद हर किसी की आंखें नम हो गईं। इससे पहले जवानों ने शहीद वसीत कुमार रावटे को गार्ड ऑफ ऑनर दिया।

बता दें कि शहीद जवान वसीत कुमार रावटे का शव हेलीकॉप्टर से तांदुला मैदान में लाया गया, जहां उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। इसके बाद उनके दाह संस्कार के लिए उनका शव उनके गृहग्राम फागुनदहा लाया गया। जैसे ही गांव में उनके शहीद होने की खबर पहुंची, गांव में मातम छा गया। गांव का लगभग हर व्यक्ति इस वीर जवान को अंतिम विदाई देने के लिए मौजूद था। जब उनकी मासूम बेटी ने पिता को मुखाग्नि दी, तो हर आंख नम हो गई। यह क्षण बेहद भावुक कर देने वाला था, जिसने वहां मौजूद हर व्यक्ति को झकझोर कर रख दिया। जब पुलिस अधिकारियों ने जवान के पार्थिव शरीर से लिपटा तिरंगा उनकी पत्नी को सौंपा, तब वह उसे लिपटकर रो पड़ीं।

शहीद वसीत रावटे बालोद जिले के आदिवासी विकासखंड डौंडी के ग्राम फागुनदहा के निवासी थे। उनकी स्कूली शिक्षा घोठिया गांव में हुई। बचपन से ही सेना में जाने और देश सेवा करने का सपना था। परिवार ने उन्हें दूसरी नौकरी करने की सलाह दी, लेकिन उन्होंने फौज में जाने का निश्चय किया। साल 2016 में उन्होंने जॉइन की और लगातार नक्सल प्रभावित इलाकों में तैनात रहे।

शहीद जवान वसीत रावटे की शादी 2019 में हुई थी और उनकी दो बेटियां हैं, जिसमें से एक की उम्र डेढ़ साल और दूसरी तीन साल की है। वसीत रावटे की पत्नी उनके माता-पिता और बच्चों के साथ गांव में ही रहती हैं।

शहीद के बड़े भाई उत्तम कुमार रावटे ने कहा, “मेरा छोटा भाई हमेशा से देश सेवा करना चाहता था। जब परिवार ने उसे दूसरी नौकरी करने को कहा, तो उसने कहा कि उसे सिर्फ फौज में जाना है। आज वह देश की रक्षा करते हुए शहीद हो गया। हमें अपने छोटे भाई पर गर्व है।”

CG – वोटिंग से पहले दनादन फायरिंग, इलाके में फैली सनसनी, जांच में जुटी क्राइम ब्रांच टीम…..

रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के गोलबाजार हलवाई लाइन स्थित दरगाह हजरत सैय्यद कुतुब शाह वाली में उर्स के दौरान गोली चली। वोटिंग से एक दिन पहले फायरिंग की घटना से राजधानी में सनसनी फैल गई है।

जानकारी के मुताबिक घटना गोलबाजार थाना क्षेत्र की है। हलवाई लाइन स्थित दरगाह में उर्स के दौरान लोगों की भीड़ मौजूद थी। बताया जा रहा है कि उर्स चादर निकालने के दौरान कुछ युवकों के बीच विवाद हुआ और फिर किसी ने गोली चला दी। ग़नीमत ये रही की गोली किसी को नहीं लगी। इस घटना के बाद मौके पर हड़कंप मच गया। बताया ये भी जा रहा है कि दरगाह हजरत सैय्यद कुतुब शाह वाली में उर्स को देखते हुए पुलिस बल भी तैनात किया गया है। पुलिसकर्मियों की मौजूदगी के बाद भी यह घटना हुई।

गोलबाजार, मौदहापारा थाने की पुलिस दौड़ते भागते मौके पर पहुंची। इधर, आचार संहिता के दौरान गोली चलने की घटना के बाद एसएसपी, शहर एएसपी भी मौके पर पहुंचे। बताया जा रहा है कि मामले में दो संदेहियों को पकड़ा गया है। पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है। घटना स्थल के पास लगे सीसीटीवी से पुलिस को कुछ फुटेज मिले है। इसके आधार पर पुलिस मामले की जांच कर रही है।

CG- शादी का झांसा देकर नाबालिग को भगा ले गया युवक, 4 दिनों तक लगातार करता रहा हैवानियत, फिर जो हुआ…..

जशपुर। जिले में शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने वाले आरोपी युवक को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। बताया जा रहा है कि, आरोपी युवक नाबालिग को बहला फुसलाकर अपने साथ भगाकर ले गया था। मामला पत्थलगांव थाना क्षेत्र का है।

पत्थलगांव एसडीओपी ध्रुवेश जायसवाल ने बताया कि, बीते दिनों पीड़िता के बड़ी बहन ने थाना आकर में रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि, लेख भार्गव नबालिग बालिका को घर से भगाकर ले गया, जहां पीड़िता को अपने रिश्तेदार के यहां 4 दिनों तक रखकर और उसके साथ दुष्कर्म किया। पीड़िता के बयान पर रिपोर्ट दर्ज कर आगे की कार्रवाई में जुट गई। पत्थलगांव पुलिस ने आरोपी लेख भार्गव को करमीटिकरा गांव से गिरफ्तार कर थाना लाया गया। पुलिस के पूछताछ में आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार किया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ अपराध दर्ज कर आरोपी युवक को गिरफ्तार न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।

CG- भावुक हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, पिता को याद करते हुए कही ये बड़ी बात……

रायपुर। स्कूली छात्रों के लिए राष्ट्रीय स्तर पर परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम का आयोजन हुआ। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश भर के छात्रों से चर्चा की। छत्तीसगढ़ में राजधानी स्थित पं. दीनदयाल सभागार में स्कूली छात्रों के लिए परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम का आयोजन था। इस आयोजन में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय शामिल हुए। पीएम के वर्चुअल क्लास के बाद सीएम ने छात्रों से बात की।

बातचीत के दौरान जब मुख्यमंत्री को अपने स्कूल के दिन याद आएं तो भावुक हो गए। दरअसल मुख्यमंत्री जब स्कूल में थे तभी उनके पिता का साया उनके सर से उठ गया था। पिता के निधन के बाद साय के ऊपर पारिवारिक जिम्मेदारियां आ गईं। पारिवारिक जिम्मेदारियों का असर ऐसा पड़ा कि सीएम साय को अपनी पढ़ाई बीच में ही छोड़नी पड़ी।

साइंस का तेज स्टूडेंट का था, टॉप आता था। हैंडराइटिंग बहुत अच्छी थी। शिक्षक दूसरे क्लास में ले जाकर हमारी कॉपी दिखाते थे। लेकिन 10 साल की उम्र में पिताजी का साया उठ गया। इसके बाद परिवार संभालने की चिंता हो गई। सोचे नहीं थे कि विधायक, सांसद, (भाजपा) प्रदेश अध्यक्ष और मुख्यमंत्री बनना है। पता होता तो और पढ़ लेते। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दिल की यह बात पत्रकारों से चर्चा में जुबां पर आ गई।

रायपुर के दीनदयाल ऑडिटोरियम में पीएम मोदी की परीक्षा पे चर्चा के जीवंत प्रसारण में स्कूली बच्चों के साथ शामिल होने के बाद मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने पत्रकारों से अपने विद्यार्थी जीवन की स्मृतियाँ साझा की। उन्होंने बताया कि पिताजी के देहांत के समय मैं घर में सबसे बड़ा था। मुझसे छोटे तीन भाई थे, सबसे छोटा भाई दो महीने का था। मेरी चिंता भाइयों, माता और दादी को संभालने की थी। मैने सारी जिम्मेदारियों को निभाया, और अब छत्तीसगढ़ की सेवा का अवसर मिला है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के परीक्षा पे चर्चा का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि यह उनकी आठवीं बार चर्चा है। आठ बार से चर्चा करते आ रहे हैं। पांच करोड़ बच्चों के साथ चर्चा की है। साल भर बच्चे पढ़ते हैं, लेकिन परीक्षा के वक्त डर लगने लगता है। परीक्षा दूसरे की इच्छा है। कई बार ऐसे प्रश्न आते हैं, जिसे बनाने में कठिनाई होती है। परीक्षा के वक्त काफी दबाव होता है। सफलता नहीं मिलने पर बच्चे सुसाइड भी कर लेते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पीएम मोदी छोटी-छोटी बातों पर ध्यान देते हैं। सलाह देते हैं, बच्चों के गुण समझाते हैं। प्रधानमंत्री का यह प्रयास सराहनीय है। करोड़ों बच्चों का चिंता इससे कम होगी। अभिभावकों को भी संदेश है कि अपने बच्चों पर अनावश्यक दबाव ना डाले, ताकि वो कोई गलत कदम न उठाये।

CG News : छत्तीसगढ़ एटीएस ने 3 संदिग्ध बंगलादेशी को इराक भागते एयरपोर्ट से किया गिरफ्तार, हो सकते हैं बड़े खुलासे, इस पते से बनाए थे फर्जी दस्तावेज…..

रायपुर। छत्तीसगढ़ एटीएस ने तीन संदिग्घ बंगलादेशी को इराक भागने के दौरान मुंबई एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया। इन तीनों ने फर्जी अंक सूची के आधार पर रायपुर के पते से पासपोर्ट बनवा लिया था। एटीएस ने ट्रांजिट रिमांड पर कुछ देर पहले तीनों को लेकर रायपुर पहुंची है।

संदिग्ध बंगलादेशी के नाम इस प्रकार हैं।

1. मोहम्मद इस्माईल पिता शेख शमसुद्दीन 27वर्ष, मूलनिवासी नाभरन, जिला जैसोर, प्रांत खुलना, बांग्लादेश, वर्तमान पता मिश्रा बाड़ा, ताजनगर टिकरापारा, रायपुर

2. शेख अकबर पिता शेख शमसुद्दीन 23वर्ष मूलनिवासी नाभरन,जिला जैसोर,प्रांत खुलना, बांग्लादेश , वर्तमान पता मिश्रा बाड़ा, ताजनगर टिकरापारा, रायपुर

3. शेख साजन पिता शेख शमसुद्दीन 22 वर्ष मूलनिवासी नाभरन,जिला जैसोर,प्रांत खुलना, बांग्लादेश , वर्तमान पता मिश्रा बाड़ा, ताजनगर टिकरापारा, रायपुर

उपरोक्त तीनों संदिग्ध बांग्लाभाषी सगे भाई हैं। टिकरापारा रायपुर में मिश्रा बाड़ा निवासी इन तीनों व्यक्तियों द्वारा फर्जी दस्तावेज बनवाकर अचानक 26-1-25 बगदाद (इराक) जाने के हावड़ा मुंबई मेल ट्रेन से मुंबई पहुँचने की सूचना प्राप्त होने पर इन्हें एटीएस छत्तीसगढ़ रायपुर द्वारा एटीएस मुंबई नागपाड़ा यूनिट के सहयोग से पायधुनी इलाके से पकड़ा गया है। इनके पास से भारतीय पासपोर्ट, आधार कार्ड, पेन कार्ड, वोटर आईडी कार्ड के साथ ही बगदाद का वीजा बरामद किया गया। संदिग्धों से पूछताछ के दौरान उन्होंने बताया कि वे तीनों जियारत के बहाने बगदाद जाकर छिपकर रुकने वाले थे, वापस भारत नहीं आने वाले थे।

उपरोक्त तीनों व्यक्तियों द्वारा रायपुर में रहने के दौरान भारतीय दस्तावेज आधार, पैनकार्ड और वोटर आईडी कार्ड बनवाया गया है। यूसीसी लागू होने और भारत में पकड़े जाने के डर से जन्मतिथि के प्रमाण पत्र के लिए फर्जी मार्कशीट, सत्कार कम्प्यूटर के संचालक मोहम्मद आरिफ के माध्यम से बनवाया था। उन्होंने यह जानकारी भी दी कि पूर्व में भी कई व्यक्ति इसी तरह सत्कार कंप्यूटर के संचालक मोहम्मद आरिफ़ की मदद से फर्जी दस्तावेज बनवाकर इराक़ जा चुके हैं और वापस नहीं आए हैं।

मोहम्मद आरिफ और शेख अली एवं अन्य के द्वारा संगठित रैकेट बनाकर फर्जी दस्तावेज तैयार कर लोगों देश के बाहर भेजा जा रहा है।

संदिग्धों की अन्य अवैधानिक गतिविधियों के संबंध में जाँच की जा रही है

आरोपियों के पिता शमसुद्दीन, माता रशीदा, भाई अजगर, बहन सुरैया, इस्माईल की पत्नी यास्मीन और 2बेटियां वर्तमान में बांग्लादेश में रह रहे हैं। आरोपियों के विरुद्ध थाना टिकरापारा में धारा 318(4),338,340, 111बीएनएस, भारतीय पासपोर्ट अधिनियम की धारा 12(इ) का अपराध दर्ज किया गया है।

CG – हायर सेकंडरी स्कूल हरवेल में प्रधानमंत्री के परीक्षा पे चर्चा 8 वीं संस्करण को विधार्थियों ने प्रोजेक्टर के माध्यम से देखा…

हायर सेकंडरी स्कूल हरवेल में प्रधानमंत्री के परीक्षा पे चर्चा 8 वीं संस्करण को विधार्थियों ने प्रोजेक्टर के माध्यम से देखा

हरवेल/विश्रामपुरी। कोंडागांव जिले के विकासखंड बड़ेराजपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत हरवेल स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मे 10 फरवरी को प्रधानमंत्री के परीक्षा पे चर्चा 8 वीं संस्करण के लिए विद्यालय के सभी छात्र छात्राएं बढ़ चढ़ कर भाग लिए। जिसमें उन्होंने विभिन्न प्रदेशों से आए विद्यार्थियों से परीक्षा के समय होने वाली छोटी छोटी समस्याओं, आत्मविश्वास बनाए रखने, सकारात्मक ऊर्जा, वातावरणीय प्रभावों और ध्यान केंद्रित करने संबंधी बातों को विस्तार से समझाया।

इस अवसर पर विद्यालय के कुल 163 विद्यार्थियों, 9 पालक के साथ ही संस्था के प्राचार्य जयराम मरकाम, रामसाय नाग, दयाबती नेताम, भागबती भेड़िया, गुलशन मरकाम, पुनेश वर्मा, गजेंद्र गंगबेर, संदीप कोर्राम, चंदू मरकाम, सरिता मरकाम, जितेंद्र बोध और राजकुमार मरकाम उपस्थित रहे। परीक्षा पे चर्चा का प्रसारण प्रोजेक्टर के माध्यम से किया गया।