मौसम क्रिकेट ऑपरेशन सिंदूर क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश विदेश राशिफल लाइफ - साइंस आध्यात्मिक अन्य

CG – ऋचा श्रीवास्तव को मिली पीएचडी उपाधि, कायस्थ समाज जगदलपुर ने दी बधाई…

ऋचा श्रीवास्तव को मिली पीएचडी उपाधि, कायस्थ समाज जगदलपुर ने दी बधाई

जगदलपुर। ऋचा श्रीवास्तव अतिथि व्याख्याता (वाणिज्य) शासकीय काकतीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय जगदलपुर को अटल बिहारी वाजपेई विश्वविद्यालय बिलासपुर द्वारा एचडी की उपाधि प्रदान की गई। उन्होंने अपना शोध कार्य सी एम डी स्नातकोत्तर महाविद्यालय बिलासपुर के वाणिज्य के सहायक प्राध्यापक शोध निर्देशन डॉ. आदित्य कुमार दुबे के मार्गदर्शन में पूर्ण किया। उनके शोध का विषय “महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना का कार्यान्वयन रायपुर जिले के विशेष संदर्भ में रहा।”

ऋचा श्रीवास्तव ने इस शोध कार्य के माध्यम से मनरेगा योजना के ग्रामीण स्तर पर प्रभाव, रोजगार सृजन, आर्थिक एवं सामाजिक उन्नति पर महत्वपूर्ण अध्ययन प्रस्तुत किया है।

ऋचा श्रीवास्तव जगदलपुर शहर के शांति नगर वार्ड निवासी, मुन्नी श्रीवास्तव पति स्व. शिवकुमार श्रीवास्तव एवं कायस्थ समाज जगदलपुर के अध्यक्ष अर्जुन श्रीवास्तव की ज्येष्ठ पुत्र वधू है। ऋचा श्रीवास्तव की इस शैक्षणिक उपलब्धि से कॉलेज परिवार एवं समाज में हर्ष का माहौल है। यह जगदलपुर एवं बस्तर संभाग के लिए गर्व का क्षण है।उनकी इस उपलब्धि पर कायस्थ समाज जगदलपुर ने अशेष शुभकामनाएं दी हैं।

आज का राशिफल: इन राशि के जातकों को शुक्रवार को मिल सकती है अच्छी खबर, जानें किसकी चमकेगी किस्मत और कैसा रहेगा दिन

नया भारत डेस्क : आज का राशिफल कैसा होगा। किस राशि को आज के दिन खास सावधानी बरतनी होगी और किस राशि के लिए दिन बेहद खास होगा। हम आपको हर दिन आपके राशिफल (Daily Horoscope) की जानकारी देंगे जिसके जरिए आप अपनी दिनचर्या में खास बातों को ध्यान रख सकते हैं।

मेष- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए दूसरे भाव में होगा. दिन का आरंभ कुछ इस तरह से होगा कि आप उत्साह से भरपूर रहेंगे. शारीरिक तथा मानसिक स्वास्थ्य भी अच्छा रहेगा. पारिवारिक वातावरण आनंदप्रद रहेगा. मित्रों, स्नेहीजनों के साथ मेल-मिलाप होगा, परंतु दोपहर के बाद स्वास्थ्य में परिवर्तन हो सकता है. परिजनों के साथ मतभेद के प्रसंग भी बन सकते है. बाहर खाने-पीने में संयम रखें. बातचीत करते समय किसी के साथ उग्रतापूर्ण भाषा का प्रयोग न हो जाएं, इसके लिए वाणी पर संयम रखें. घर-परिवार और मित्रों के साथ समय अच्छा गुजरेगा.

वृषभ- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए पहले भाव में होगा. घर के सदस्यों के साथ आप आवश्यक चर्चा करेंगे. घर की सुंदरता बढ़ाने में व्यस्त रहने वाले हैं. मां का विशेष आशीर्वाद मिलेगा. कार्यालय में वरिष्ठों के साथ मधुर संबंध बनेंगे. दोपहर के बाद सामाजिक काम में आप अधिक रुचि लेंगे. मित्रों से लाभ होगा. संतान से कोई अच्छी खबर मिलेगी. नई मित्रता से मन प्रसन्न रहेगा. आकस्मिक धन लाभ होने की संभावना है. प्रेम संबंधों में आगे बढ़ने की जल्दबाजी ना करें.

मिथुन- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए बारहवें भाव में होगा. आज संयमित व्यवहार आपको बहुत सी तकलीफों से बचा लेगा. ज्यादा बातचीत के कारण गलतफहमी हो सकती है. शारीरिक पीड़ा के कारण मानसिक अस्वस्थता की अनुभूति होगी. इस कारण कार्यस्थल पर भी आपका मन विचलित रहेगा. पारिवारिक माहौल में किसी बात का डर लगा रहेगा. स्वास्थ्य का ध्यान रखें. खर्च में वृद्धि होगी. धार्मिक प्रवृत्ति के कारण मानसिक शांति का अनुभव होगा. आज मौन रहकर अपने काम पर ध्यान दें.

कर्क- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए ग्यारहवें भाव में होगा. आज का दिन आपके लिए बहुत लाभकारी है. आपकी आय में वृद्धि होगी. किसी अन्य तरीके से भी आर्थिक लाभ होगा. मित्रों के साथ मुलाकात हो सकती है. व्यापार में नए ग्राहक मिल सकते हैं. संतान और जीवनसाथी से सुख मिलेगा. शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य अच्छा रहेगा. चिंता से मुक्ति मिल सकती है. मित्रों के साथ किसी प्राकृतिक स्थान पर जाने की योजना बन सकती है. आज का दिन भोजन सुख के लिए अच्छा है. परिजनों के साथ मनोरंजन पर ध्यान देंगे.

सिंह- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए दसवें भाव में होगा. आपके व्यवसाय के लिए आज का दिन बहुत अच्छा और श्रेष्ठ है. आज हर काम सफलतापूर्वक पूरा होगा. अधिकारियों की आप पर कृपादृष्टि रहेगी. नौकरीपेशा लोगों का काम समय पर होगा. आज लोगों पर इंप्रेशन जमा पाएंगे. अधिकारी आपके काम की प्रशंसा कर सकते हैं. पिता से लाभ होगा. सरकारी कामों में लाभ मिलेगा. स्वास्थ्य अच्छा रहेगा. गृहस्थजीवन मधुरतापूर्ण रहेगा. जमीन, मकान एवं संपत्ति के सौदे सफल रहेंगे. आज विद्यार्थी भी निर्धारित पढ़ाई का लक्ष्य पूरा कर सकेंगे.

कन्या- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए नवें भाव में होगा. आज आपका दिन अच्छा रहेगा. सगे-संबंधियों के साथ यात्रा का आयोजन हो सकता है. हालांकि किसी भी तरह की यात्रा में आपको जोखिम से बचना चाहिए. मित्रों से लाभ हो सकता है. किसी धार्मिक कार्य में व्यस्त रहेंगे. विदेश में रहनेवाले परिजनों के समाचार से आनंद होगा. भाई-बंधु से लाभ होने की संभावना है. परिवार में चल रहा पुराना विवाद आज दूर हो सकता है. आज का दिन आर्थिक लाभ का दिन है. स्वास्थ्य की दृष्टि से समय अच्छा है.

तुला- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए आठवें भाव में होगा. आज किसी नए काम का आरंभ ना करें. वाणी और व्यवहार को नियंत्रण में रखें. गलतफहमी के कारण आपको नुकसान हो सकता है. दोस्त के रूप में छिपे हुए शत्रुओं से सावधान रहें. स्वास्थ्य का पूरा ख्याल रखें. आध्यात्मिकता की ओर आपका आकर्षण बढ़ेगा, साधना सिद्धि के लिए आज का दिन अच्छा है. काफी कोशिश के बाद आप मानसिक शांति को प्राप्त कर पाएंगे.

वृश्चिक- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए सातवें भाव में होगा. आप आज के दिन को पूरी तरह से आमोद-प्रमोद में बिताना पसंद करेंगे. अपने दैनिक कामों से मुक्त होकर अपने लिए थोड़ा समय निकाल सकेंगे. मित्रों के साथ बाहर जाने का कार्यक्रम बनेगा. कहीं घूमने का कार्यक्रम बना सकते हैं. उत्तम भोजन और नए वस्त्र और आभूषण प्राप्त होंगे, जिससे आप काफी प्रसन्न रहेंगे. व्यापार और भागीदारी के काम में लाभ होगा. सार्वजनिक क्षेत्र में मान-सम्मान बढ़ेगा. जीवनसाथी के साथ अच्छा समय व्यतीत करेंगे.

धनु- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए छठे भाव में होगा. आज आपके लिए आर्थिक लाभ का दिन है. घर में शांति और आनंद का वातावरण रहेगा. इससे आपका मन प्रसन्न होगा. नौकरी करने वाले लोगों को लाभ मिलेगा. सहकर्मियों से सहयोग मिलेगा. कार्यसिद्धि तथा यश मिलेगा. शारीरिक स्वास्थ्य अच्छा रहेगा. मातृपक्ष से अच्छे समाचार मिलेंगे. विरोधियों पर विजय मिलेगी. अपनी वाणी पर संयम रखें. मित्रों से सुखद भेंट होगी. प्रेम जीवन में संतुष्टि बनी रहेगी. आपके विचार आज सकारात्मक रहेंगे. स्वास्थ्य की दृष्टि से समय लाभ का है.

मकर- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए पांचवें भाव में होगा. आज आप मानसिक रूप से काफी अशांत और असमंजस में रहेंगे. आप कोई भी ठोस निर्णय नहीं ले पाएंगे, इससे तनाव में रहेंगे. भाग्य आज आपके साथ नहीं रहेगा, इससे आपको काफी निराशा का अनुभव होगा. संतान के विषय में चिंतित रहेंगे. घर में बुजुर्गों की तबीयत खराब हो सकती है. शारीरिक रूप से अस्वस्थ रह सकते हैं. विरोधियों के साथ वाद- विवाद में न उतरना हितकर है. पेट दर्द से परेशानी होगी.

कुंभ- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए चौथे भाव में होगा. स्वभाव में भावुकता होने से मानसिक बेचैनी रहेगी. आर्थिक मामलों में उलझन हो सकती है. माता से प्रेम का अनुभव होगा. महिलाएं सौंदर्य प्रसाधन, वस्त्र या आभूषणों की खरीदी के पीछे धन खर्च करेंगी. विद्यार्थियों को पढ़ाई में सफलता मिलेगी. स्वभाव में गुस्सा रह सकता है. सार्वजनिक रूप में मानहानि न हो इसका ध्यान रखें. समय पर काम पूरा नहीं होने से आपको दिक्कत हो सकती है.

मीन- 05 दिसंबर, 2025 शुक्रवार को वृषभ राशि का चंद्रमा आज आपके लिए तीसरे भाव में होगा. काम में सफलता पाने के लिए और महत्वपूर्ण निर्णय लेने के लिए आज का दिन उत्तम है. आपके विचारों में आज स्थिरता रहेगी, इससे कोई भी काम अच्छी तरह हल कर सकेंगे. कलाकारों को अपनी कला प्रदर्शित करने का मौका मिलेगा. उसकी कद्र भी होगी. जीवनसाथी के साथ अधिक निकटता का अनुभव करेंगे. मित्रों के साथ छोटी यात्रा या पर्यटन का आयोजन होगा. विरोधियों पर विजय प्राप्त होगी.

Uttarakhand News: गन्ना समर्थन मूल्य बढ़ने पर किसानों में उत्साह, सीएम धामी बोले– किसानों के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध….

उत्तराखंड: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी बुधवार को खटीमा दौरे पर रहे. इस दौरान क्षेत्र के किसानों ने गन्ना समर्थन मूल्य में उल्लेखनीय बढ़ोतरी करने पर मुख्यमंत्री का गर्मजोशी से स्वागत किया और उन्हें धन्यवाद भी ज्ञापित किया. कार्यक्रम में धामी ने कहा कि किसानों के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए राज्य सरकार निरंतर प्रतिबद्ध है और किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है.

कार्यक्रम के दौरान भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र सिंह नेगी के नेतृत्व में पहुंचे किसानों ने मुख्यमंत्री को गन्ना और पर्वतीय क्षेत्रों की पारंपरिक कृषि उपज—गडेरी, माल्टा, अदरक और शहद से भरी विशेष टोकरी भेंट की. नेगी ने कहा कि राज्य सरकार की ओर से गन्ने के समर्थन मूल्य में की गई वृद्धि से प्रदेश के लगभग तीन लाख गन्ना किसानों को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा. उन्होंने इस फैसले को किसानों की आय दोगुनी करने की दिशा में एक मजबूत कदम बताया.

उल्लेखनीय है कि उत्तराखण्ड सरकार ने हाल ही में गन्ना मूल्य में 30 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की है. अब अगेती प्रजाति वाले गन्ने का समर्थन मूल्य 375 से बढ़कर 405 प्रति क्विंटल हो गया है. सामान्य प्रजाति वाले गन्ने का समर्थन मूल्य 365 से बढ़ाकर 395 प्रति क्विंटल कर दिया गया है. इस निर्णय के बाद उत्तराखण्ड अब पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश से भी ज्यादा गन्ना समर्थन मूल्य देने वाला राज्य बन गया है.

Uttarakhand Newsविश्व दिव्यांग दिवस पर सीएम धामी ने प्रतिभाशाली दिव्यांगजनों को किया सम्मानित, देहरादून में बहुउद्देशीय कार्यालय भवन का किया शिलान्यास….

उत्तराखंड: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को विश्व दिव्यांग दिवस के अवसर पर समाज कल्याण विभाग की ओर से हल्द्वानी एमबीपीजी कॉलेज ऑडिटोरियम में राज्य स्तरीय दक्षता पुरस्कार वितरण समारोह में प्रतिभाशाली दिव्यांग जनों को पुरस्कार राशि, मेडल, प्रशस्ति पत्र और मानपत्र प्रदान किए. इस अवसर पर सीएम ने देहरादून में 905.13 लाख की लागत से बनने वाले आयुक्त दिव्यांगजन उत्तराखण्ड, उत्तराखण्ड बहुउद्देशीय वित्त एवं विकास निगम लिमिटेड और समाज कल्याण आईटी सेल के बहुउद्देशीय कार्यालय भवन का शिलान्यास समेत प्रधानमंत्री दिव्याशा केंद्र, नैनीताल (एलिम्को) का लोकार्पण किया.

मुख्यमंत्री ने सभी दिव्यांगजनों को विश्व दिव्यांग दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह दिवस केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि उन असाधारण व्यक्तियों को सम्मान देने का अवसर है, जिन्होंने चुनौतियों को अवसर और संघर्षों को प्रेरणा में बदलकर समाज को दिशा दी है. उन्होंने कहा कि “दिव्यांगता शरीर में हो सकती है, लेकिन सपनों में नहीं” और आज हमारे दिव्यांग भाई-बहन प्रत्येक क्षेत्र में देश का गौरव बढ़ा रहे हैं. उन्होंने कहा कि दिव्यांगजन दिव्यांग नही समाज के दिव्य अंग हैं. उन्होंने भारत के पहले पैरालंपिक स्वर्ण पदक विजेता मुरलीकांत पेटकर, इंग्लिश चैनल पार करने वाले सत्येंद्र सिंह लोहिया और बिना हाथों के विश्व पैरा तीरंदाजी चैंपियन बनी शीतल देवी जैसे प्रेरक उदाहरण साझा किए.

मुख्यमंत्री ने हाल ही में भारत की दिव्यांग महिला क्रिकेट टीम की ओर से कोलंबो में टी-20 ब्लाइंड वूमेन वर्ल्ड कप-2025 जीतने पर भी गर्व व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि आज केन्द्र और राज्य सरकार दोनों ही दिव्यांगजनों को समान अवसर और गरिमामय जीवन प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं. नए भवनों, अस्पतालों व बस अड्डों के निर्माण में दिव्यांगजन-अनुकूल व्यवस्थाएं अनिवार्य की गई हैं. कई पुराने भवनों में भी सुगम्यता के लिए आवश्यक परिवर्तन किए गए हैं. साथ ही “कॉमन साइन लैंग्वेज” के प्रसार और दिव्यांगजन हितैषी स्टार्ट-अप्स को प्रोत्साहन भी सरकार की प्राथमिकता है.

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा आर्थिक रूप से कमजोर दिव्यांगजनों को 1500 मासिक पेंशन, दिव्यांग बच्चों के अभिभावकों को 700 मासिक भरण-पोषण अनुदान, तीलू रौतेली विशेष दिव्यांग पेंशन योजना व बौना पेंशन योजना के तहत 1200 मासिक पेंशन के साथ ही सरकारी नौकरियों में दिव्यांगजनों के लिए क्षैतिज आरक्षण 3 प्रतिशत से बढ़ाकर 4 प्रतिशत किये जाने, दिव्यांग छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति और कृत्रिम अंगों के लिए 7000 अनुदान, दिव्यांग से विवाह करने पर 50,000 प्रोत्साहन राशि, दिव्यांग छात्रों के लिए सिविल सेवा परीक्षा की निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग सुविधा उपलब्ध कराते हुए जिला दिव्यांग पुनर्वास केन्द्रों के माध्यम से उन्हें सभी योजनाओं का एकीकृत लाभ प्रदान किया जा रहा है.

इसके साथ ही देहरादून स्थित आयुक्त दिव्यांगजन कार्यालय में ऑनलाइन सुनवाई की व्यवस्था और ऊधमसिंह नगर में मानसिक रूप से दिव्यांगों के लिए पुनर्वास गृह का निर्माण किया गया है. देहरादून में राज्य का पहला “प्रधानमंत्री दिव्याशा केंद्र” भी प्रारंभ किया गया हैं. राज्य गठन के बाद पहली बार दिव्यांग सर्वेक्षण भी प्रारंभ किया गया है, जिससे दिव्यांगजनों की वास्तविक संख्या और आवश्यकताओं का सही आकलन हो सकेगा. मुख्यमंत्री ने राज्य के “यंग इनोवेटिव माइंड्स” से अपील की कि वे अपने आविष्कारों में दिव्यांगजनों की जरूरतों को विशेष स्थान दें और AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) आधारित तकनीक विकसित कर दिव्यांगजनों के जीवन को और सुगम बनाएं. उन्होंने अधिकारियों को ऐसे युवाओं को आवश्यक सहयोग प्रदान करने के निर्देश भी दिए.

Uttarakhand News: किसान मजबूत होगा तो राज्य मजबूत होगा: सीएम धामी ने वैज्ञानिक खेती का दिया संदेश, किसानों को सौंपे चेक….

देहरादून. उत्तराखण्ड राज्य स्थापना रजत जयंती के अवसर पर गोविन्द वल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, पंतनगर द्वारा लोहिया हेड मैदान में आयोजित कृषि गोष्ठी एवं कृषि प्रदर्शनी का उद्घाटन मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया. मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी में विश्वविद्यालय, कृषि विभाग तथा विभिन्न संस्थानों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का अवलोकन किया और इसे किसानों के लिए अत्यंत उपयोगी बताया.

कृषि गोष्ठी को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि किसान हमारा अन्नदाता है. किसान मजबूत होगा तो देश और प्रदेश दोनों प्रगतिशील एवं सम्पन्न बनेंगे. उन्होंने पंतनगर विश्वविद्यालय को हरित क्रांति की जन्मस्थली बताते हुए कहा कि यहां निरंतर शोध और नवाचार किए जा रहे हैं, जिनका लाभ किसानों तक पहुंच रहा है. मुख्यमंत्री ने किसानों से उन्नत बीजों, आधुनिक तकनीक और वैज्ञानिक पद्धतियों का उपयोग कर उत्पादन बढ़ाने तथा अपनी आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करने का आह्वान किया.

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार किसानों और सैनिकों की सरकार है और किसानों की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा. किसानों की आय दोगुनी करने और आर्थिकी को मजबूत करने के लिए केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही सभी कल्याणकारी योजनाओं का किसानों को अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की गई. उन्होंने कृषि के साथ पशुपालन, मत्स्य पालन, कुक्कुट पालन, रेशम, शहद उत्पादन जैसे सहायक व्यवसाय अपनाने को भी प्रोत्साहित किया.

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य के इतिहास में पहली बार गन्ना किसानों को राहत देते हुए गन्ने के समर्थन मूल्य में ₹30 प्रति क्विंटल की ऐतिहासिक वृद्धि की गई है. उन्होंने किसानों से गन्ने का रकबा बढ़ाने और अधिक उत्पादन करने की अपील की, ताकि उन्हें बेहतर आय मिल सके. मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि पंतनगर विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित इस प्रकार के कार्यक्रम प्रदेशभर में निरंतर आयोजित किए जाएंगे, जिससे सीमांत क्षेत्रों के किसानों को नवाचार और आधुनिक कृषि तकनीकों की जानकारी मिल सके.

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने रीप परियोजना के अंतर्गत स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को छह ई-रिक्शा प्रदान किए. इसके साथ ही कृषि विभाग के दो प्रगतिशील किसानों को 49,750 की अनुदान राशि के चेक और कुल 1000 किसानों के लिए निर्धारित कृषक किटों में से पांच किट सांकेतिक रूप से वितरित की गईं. किसानों ने गन्ना मूल्य बढ़ोतरी के लिए मुख्यमंत्री का जोरदार नारे लगाकर स्वागत किया और उनके प्रति आभार व्यक्त किया.

स्वतंत्रता संग्राम सेनानी पं. राम सुमेर शुक्ल की पुण्यतिथि पर सीएम धामी ने दी श्रद्धांजलि, उत्कृष्ट कार्य करने वालों को किया सम्मानित….

रुद्रपुर. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानी एवं तराई क्षेत्र के संस्थापक पंडित राम सुमेर शुक्ल की 47वीं पुण्यतिथि पर रुद्रपुर राजकीय मेडिकल कॉलेज प्रांगण में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया. कार्यक्रम स्थल पर पहुंचकर मुख्यमंत्री ने सर्वप्रथम स्वर्गीय पंडित राम सुमेर शुक्ल की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके जीवन परिचय पर आधारित शिलापट का अनावरण किया. इस अवसर पर उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 11 व्यक्तियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित भी किया.

मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में कहा कि पंडित राम सुमेर शुक्ल राष्ट्रभक्ति, त्याग और समर्पण के प्रतीक थे, जिन्होंने अपना संपूर्ण जीवन देश, समाज और किसानों के कल्याण के लिए समर्पित कर दिया. उन्होंने बताया कि छात्र जीवन से ही पंडित जी की राष्ट्र सेवा की भावना अतुलनीय थी. वर्ष 1936 में मात्र 21 वर्ष की आयु में उन्होंने लाहौर अधिवेशन में मोहम्मद अली जिन्ना के द्विराष्ट्रवाद सिद्धांत का मुखर विरोध कर पूरे देश का ध्यान आकर्षित किया. बाद में गांधी जी के आदर्शों से प्रेरित होकर उन्होंने कानून की प्रैक्टिस छोड़ स्वतंत्रता आंदोलन में स्वयं को पूर्णतः समर्पित कर दिया. अनेक बार जेल जाने और यातनाएं झेलने के बावजूद उनका साहस कभी नहीं डिगा. ‘भारत छोड़ो आंदोलन’ के दौरान युवाओं को संगठित कर उन्होंने आंदोलन को नई दिशा दी.

मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद भी पंडित शुक्ल ने किसानों, स्वतंत्रता सेनानियों और तराई क्षेत्र के विकास को अपना जीवन लक्ष्य बनाया. तराई कॉलोनाइजेशन योजना के अध्यक्ष के रूप में उन्होंने तराई क्षेत्र के विकास की मजबूत नींव रखी. आज रुद्रपुर और तराई का जो स्वरूप दिखाई देता है, वह उनकी दूरदृष्टि का परिणाम है. उन्होंने कहा कि पंडित जी की इसी विरासत को आगे बढ़ाने में उनके पुत्र तथा मेरे मित्र राजेश शुक्ल निरंतर कार्य कर रहे हैं.

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में उत्तराखण्ड विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है. ऊधमसिंह नगर और रुद्रपुर क्षेत्र में सरकार द्वारा अनेक महत्वपूर्ण परियोजनाएं संचालित की जा रही हैं. श्रद्धेय पं. राम सुमेर शुक्ल के नाम पर रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य भी जारी है. लगभग 590 करोड़ रुपये की लागत से रुद्रपुर बाईपास का निर्माण, खटीमा-टनकपुर और गदरपुर-जसपुर को जोड़ने वाली चार लेन सड़कों का निर्माण तथा 55 करोड़ रुपये की लागत से मानूनगर-गदरपुर-दिनेशपुर-हल्द्वानी मोटरमार्ग के चौड़ीकरण का कार्य तेजी से प्रगति पर है.

उन्होंने बताया कि रुद्रपुर रेलवे स्टेशन का नवीनीकरण, नई सिग्नल लाइनें, दो रेल ओवरब्रिज, मास्टर ड्रेनेज प्लान की मंजूरी, महिलाओं के लिए पिंक टॉयलेट्स का निर्माण, 15 करोड़ की लागत से कंप्रेस्ड बायोगैस प्लांट और ₹17 करोड़ की लागत से एडवांस कूड़ा प्रबंधन प्लांट का कार्य भी जारी है. उन्होंने कहा कि किच्छा में 351 करोड़ रुपये की लागत से एम्स ऋषिकेश का सैटेलाइट सेंटर बन रहा है और पंतनगर में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का निर्माण भी तेजी से चल रहा है. गदरपुर और खटीमा में बाईपास, खटीमा व किच्छा में आधुनिक बस अड्डे तथा रुद्रपुर, गदरपुर और चकरपुर में खेल सुविधाओं का विस्तार भी किया जा रहा है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि काशीपुर में अरोमा पार्क, सितारगंज में प्लास्टिक पार्क, काशीपुर में इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्यूफ क्चरिंग क्लस्टर और पंतनगर में मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क की स्थापना क्षेत्र की उन्नति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी. खुरपिया फार्म में प्रस्तावित इंडस्ट्रियल स्मार्ट सिटी भी इस क्षेत्र की आर्थिक प्रगति में मील का पत्थर साबित होगी. उन्होंने बताया कि जमरानी बांध परियोजना को पुनः प्रारंभ किया गया है, जिससे तराई क्षेत्र को पेयजल और सिंचाई की स्थायी सुविधा मिलेगी. हाल ही में गन्ना किसानों के हित में समर्थन मूल्य में 30 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की गई है.

‘लखपति दीदी’ सुमतिया: बिहान मिशन से बदली गोवर्धनपुर की तस्वीर, बनीं ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण की मिसाल….

रायपुर: ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) के तहत संचालित गतिविधियाँ लगातार सफलता की नई कहानियाँ गढ़ रही हैं। इन्हीं प्रेरक कहानियों में एक नाम है- बलरामपुर जिले के वाड्रफनगर विकासखंड के ग्राम गोवर्धनपुर की श्रीमती सुमतिया, जो आज सबके बीच ‘लखपति दीदी’ के रूप में अपनी अलग पहचान बना चुकी हैं।

श्रीमती सुमतिया ने बताया कि वे गेंदा महिला स्व-सहायता समूह की सक्रिय सदस्य हैं। बिहान योजना से जुड़ने से पहले उनका जीवन मुख्यतः घरेलू कार्य और खेती-किसानी तक सीमित था, जिसके कारण परिवार की आर्थिक स्थिति संतोषजनक नहीं थी। बिहान योजना के माध्यम से बैंक क्रेडिट लिंकेज प्राप्त होने के बाद उन्होंने हिम्मत जुटाते हुए किराना दुकान शुरू की, जिससे उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव आने लगे। उन्होंने बताया कि बिहान से मिले सहयोग और समूह की निरंतर मार्गदर्शन से न सिर्फ उनकी दुकान सुव्यवस्थित ढंग से चलने लगी, बल्कि कृषि कार्यों का भी बेहतर प्रबंध करने लगी है। वह बैंक सखी के रूप में भी कार्य कर रही हैं और ग्रामीण क्षेत्रों में वित्तीय साक्षरता को बढ़ावा दे रही हैं।

लगभग 1 लाख रुपये की वार्षिक आय अर्जित कर आत्मनिर्भर बनी सुमतिया ने खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि वे ‘लखपति दीदी’ बन पाएंगी। लेकिन बिहान योजना से जुड़ने के बाद उनका यह सपना साकार हुआ है। बैंक सखी के रूप में कार्य ने उनका आत्मविश्वास बढ़ाया और आर्थिक स्थिति में उल्लेखनीय सुधार लाया।

उन्होंने बताया कि ग्रामीण जनों को शासन की योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराना अब उनका नियमित कार्य है। इससे उन्हें समाजसेवा का अवसर भी मिला है। श्रीमती सुमतिया ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी तथा मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि बिहान योजना ने उन्हें नई पहचान और नई दिशा प्रदान की है।

किसान उदयराम बने दो ट्रैक्टरों के मालिक: धान के उचित समर्थन मूल्य एवं पारदर्शी खरीदी प्रक्रिया से किसानों को मिल रहा बेहतर लाभ….

रायपुर: छत्तीसगढ़ शासन की कृषि हितैषी नीतियों और किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य मिलने का परिणाम आज ग्रामीण अंचलों में स्पष्ट रूप से देखने को मिल रहा है। किसान आर्थिक समृद्धि की ओर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। ऐसी ही सफलता की प्रेरक कहानी है ग्राम कौडुटोला के किसान श्री उदयराम साहू की, जिन्होंने आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाते हुए अपनी आय में उल्लेखनीय वृद्धि की है और आज वे दो ट्रैक्टरों के स्वामी बन चुके हैं।

कभी बैलों और किराए के साधनों पर निर्भर रहने वाले श्री साहू के खेतों में अब ट्रैक्टर से कम समय में अधिक कार्य हो रहा है। ट्रैक्टर आने से न केवल उनका श्रम और समय बचा, बल्कि उत्पादन क्षमता भी कई गुना बढ़ी। इससे उनकी आय में निरंतर वृद्धि हुई है और खेती अब उनके लिए मात्र आजीविका का साधन नहीं, बल्कि समृद्धि का मजबूत आधार बन चुकी है।

श्री साहू ने बताया कि इस वर्ष धान विक्रय प्रक्रिया पहले की अपेक्षा अधिक सरल एवं पारदर्शी है। उन्होंने टोकन प्राप्त कर आसानी से अपना धान चौकी धान उपार्जन केंद्र में विक्रय किया। उन्हें किसी प्रकार की परेशानी नहीं हुई। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के कुशल नेतृत्व में किसानों के हित में अनेक प्रभावी कदम उठाए गए हैं, जिसके सकारात्मक परिणाम अब जमीनी स्तर पर दिखाई देने लगे हैं। धान का मूल्य 3100 रुपये प्रति क्विंटल मिलने से खेती लाभदायक हो गई है। प्रति एकड़ 21 क्विंटल तक खरीदी के प्रावधान के लिए शासन आभार व्यक्त करते हुए कहा कि कृषि क्षेत्र को मजबूत बनाने के सरकार के फैसले से किसानों का रूझान खेती-किसानी की ओर बढ़ा है।

विधायक किरण देव ने जामावाड़ा धान खरीदी केंद्र में व्यवस्था का किया निरीक्षण…..

रायपुर: जगदलपुर विधायक श्री किरण देव ने गुरुवार को किसानों के प्रति संवेदनशीलता दिखाते हुए जामावाड़ा क्षेत्र के धान खरीदी केंद्र और लेम्पस कार्यालय में क्षेत्र के किसानों से रूबरू होकर धान विक्रय के संबंध में चर्चा की और धान खरीदी केन्द्र की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने सुबह अचानक उपार्जन केंद्र पर पहुंचकर पूरी व्यवस्था का गहन अवलोकन किया। उन्होंने धान के भंडारण की स्थिति, नमी मापन की प्रक्रिया, बारदाना की उपलब्धता और टोकन प्रदाय की व्यवस्थाओं के बारे में विस्तार से जानकारी ली।

वे सीधे किसानों के बीच पहुंचे और किसानों की बातों को ध्यान से सुनने के बाद कहा कि धान खरीदी केंद्रों में किसानों को सभी सुविधाएं उपलब्ध करवाएं। उन्होंने मौके पर उपस्थित संबंधित केंद्र के प्रबंधक को निर्देश दिए कि खरीदी की गति बढ़ाई जाए, बारदाने की सुलभता और किसानों के लिए बैठने व पेयजल की समुचित व्यवस्था रहे। वहीं धान की तौलाई भी समय पर सुनिश्चित किया जाए।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की पर्यटन को प्रमोट करने विशेष पहल: राज्य के 45 युवाओं को मिला पर्यटन प्रबंधन का विशेष प्रशिक्षण….

रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की विशेष पहल पर छत्तीसगढ़ राज्य में पर्यटन को बढ़ावा देनेे के लगातार प्रयास किए जा रहे है। छत्तीसगढ़ की नैसर्गिक सुन्दरता और यहां के पर्यटन स्थलों को देखने के लिए देश-दुनिया के लोग छत्तीसगढ़ आये, इसे लेकर देश के विभिन्न हिस्सों विशेषकर महानगरों में छत्तीसगढ़ के पर्यटन स्थलों की जानकारी देने के लिए प्रदर्शनी एवं कार्यशालाएं भी आयोजित की जा रही है। इन सभी प्रयासों का उद्देश्य छत्तीसगढ़ को पर्यटन को वैश्विक मानचित्र पर लाना है।

राज्य के 45 युवाओं को मिला पर्यटन प्रबंधन का विशेष प्रशिक्षण

मुख्यमंत्री श्री साय की पहल पर छत्तीसगढ़ में पर्यटन को उद्योग का दर्जा दिया गया है और इसके लिए नई औद्योगिक पॉलिसी में कई रियायतों का प्रावधान भी किया गया है। होम-स्टे पॉलिसी बनायी गई है ताकि छत्तीसगढ़ बस्तर और सरगुजा अंचल में पर्यटन को बढ़ावा मिल सके। छत्तीसगढ़ सरकार ने इन्हीं प्रयासों को आगे बढ़ाते हुए राज्य के युवाओं विशेषकर बस्तर अंचल के युवाओं को पर्यटन के क्षेत्र में रोजगार का अवसर उपलब्ध कराने के लिए टूरिस्ट गाइड प्रशिक्षण की अभिनव पहल शुरू की है। मुख्यमंत्री के मंशानुरूप 45 युवाओं की टीम को छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के सहयोग से भारतीय पर्यटन एवं यात्रा प्रबंध संस्थान (आईआईटीटीएम) ग्वालियर में टूरिस्ट गाइड के प्रशिक्षण के लिए भेजा गया था। युवाओं का यह दल वहां से एक माह का विशेष प्रशिक्षण हासिल कर छत्तीसगढ़ लौटा आया है। इन युवाओं को छत्तीसगढ़ के पर्यटन स्थलों में गाइड के तौर पर तैनात किया जाएगा।

राज्य के 45 युवाओं को मिला पर्यटन प्रबंधन का विशेष प्रशिक्षण

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय एवं पर्यटन मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने टूरिस्ट गाइड का सफल प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले युवाओं को बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। मुख्यमंत्री ने कहा है कि राज्य की प्राकृतिक सुन्दरता, यहां की हरी-भरी वादियां और मनोरम पर्यटन स्थल छत्तीसगढ़ को पर्यटन हब का स्वरूप देने में सक्षम हैं। पर्यटन के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ में असीम संभावनाएं विद्यमान है, इससे रोजगार और व्यवसाय के नये द्वार खुलेंगे। उन्होंने प्रशिक्षित युवाओं से अपील की कि वे छत्तीसगढ़ के पर्यटन स्थलों और सुविधाओं के बारे में पर्यटकों को विशेष रूप से बताएं, ताकि पर्यटकों की संख्या में वृद्धि हो। इससे राज्य में पर्यटन के क्षेत्र में रोजगार व्यवसाय को बढ़ावा मिलेगा।

यहां यह उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल द्वारा 7 वर्षों के अंतराल के बाद टूरिस्ट गाइड प्रशिक्षण का यह विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें अधिकांश युवा बस्तर संभाग के रहने वाले हैं। प्रशिक्षण के दौरान युवाओं को पर्यटक मार्गदर्शन, संप्रेषण कौशल, सांस्कृतिक विरासत, पर्यटन प्रबंधन तथा फील्ड का व्यवहारिक प्रशिक्षण दिया गया, जिससे वे छत्तीसगढ़ की प्राकृतिक सुंदरता और सांस्कृतिक धरोहर को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत कर सकें। प्रशिक्षित युवा छत्तीसगढ़ के सांस्कृतिक एवं प्राकृतिक पर्यटन स्थलों का बेहतर प्रचार-प्रसार कर प्रदेश के पर्यटन उद्योग को ऊंचाइयों पर ले जाने में अहम रोल अदा करेंगे।