फाल्गुन एकादशी के उपलक्ष्य में बाॅंकीमोंगरा से कोरबा बाबा श्याम की निकाली गई भव्य निशान यात्रा,मातृशक्ति सहित नन्हे प्रेमी भी हुआ शामिल….

नयाभारत आज फाल्गुन एकादशी के विशेष अवसर पर बाॅंकीमोंगरा क्षेत्र के बाबा श्याम के प्रेमियों द्वारा बाबा श्याम का दिव्य रथ एवं भव्य दरबार सजा कर ऐतिहासिक पदयात्रा बाॅंकीमोंगरा से कोरबा श्याम मंदिर के लिए निकाली गई।
हर माह निकली जाती है पदयात्रा साथ ही बाबा को अर्पण करते है निशान
ज्ञात हो कि हर माह के शुक्ल पक्ष की ग्यारस के अवसर पर बाॅंकीमोंगरा क्षेत्र के बाबा श्याम के प्रेमियों द्वारा दिव्य बाबा के रथ में भव्य निशान पदयात्रा निकाल कर बाबा को निशान अर्पण किया जाता है।
62 प्रेमियों से अर्पण किया निशान
आज के ऐतिहासिक पदयात्रा में कुल 62 श्याम प्रेमियों ने बाबा श्याम के कोरबा के दरबार में बाॅंकीमोंगरा से पदयात्रा कर कोरबा के श्याम मंदिर में बाबा को निशान अर्पण किया।

समय दर समय भक्तों का कारवां बनता गया
जानकारी देते हुऐ समिति के प्रेमियों ने बताया कि जब 11/12/24 को बाॅंकीमोंगरा से कोरबा निशान पदयात्रा को आरंभ की गई थी उसकी नींव 04 प्रेमियों ने रखी थी,धीरे धीरे क्षेत्र के और प्रेमियों तक बात पहुंची प्रेमी जुड़ते चले गये,4 से 6, 6 से 10, 10 से 15 ऐसा बढ़ते बढ़ते महज 16 महीने में 62 श्याम प्रेमियों ने इस यात्रा में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।

नारी शक्ति भी हुई शामिल
पदयात्रा में नारी शक्ति भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराती है एवं हिस्सा लेती है।आज के इस ऐतिहासिक पदयात्रा में 25 बहनों ने भी बाबा को निशान अर्पण किया।
नन्हे बालको ने भी बाबा को रिझाया
आज बाबा के इस पदयात्रा मुख्य आकर्षण के केंद्र रहे महज 6,7,8 साल के बच्चे,बच्चों ने भी पूर्ण रूप से अपनी उपस्थिति दर्ज कर,पदयात्रा कर बाबा को रिझाया।

क्षेत्र के श्याम प्रेमी भी जुड़ सकते है यात्रा में
समिति के सदस्यों ने जानकारी देते हुए बताया कि बाॅंकीमोंगरा से कोरबा जाने वाली निशान पदयात्रा मे आसपास के प्रेमी जुड़ना चाहते है तो वो भी जुड़ सकते है।



