छत्तीसगढ़

CG – संस्कृत और तकनीक का संगम सोनसरी में 3 संस्कृत विद्यालयों को विद्यामंडल अध्यक्ष के हाथों मिले निःशुल्क कंप्यूटर-प्रिंटर पढ़े पुरी ख़बर

मस्तूरी//द्रोणाचार्य संस्कृत उच्च माध्य विद्यालय सोनसरी में आज 03 अक्टूबर 2026 को छत्तीसगढ़ संस्कृत विद्यामंडलम् रायपुर के अध्यक्ष एवं राज्य मंत्री दर्जा प्राप्त राजेश कुमार राजपूत के प्रवास के अवसर पर निःशुल्क कंप्यूटर सह प्रिंटर वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि राजेश कुमार राजपूत द्वारा माँ सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलन एवं माल्यार्पण कर किया गया।

कार्यक्रम में ये रहे उपस्थित…

जिला पंचायत बिलासपुर सभापति प्रतिनिधि खिलावन पटेल, संस्कृत भारती से हेमंत कुमार साहू, होम्लेश्वर प्रसाद चंद्राकर, पटेल, जांगड़े पटवारी, लक्ष्मण प्रसाद साहू, उमेश कुमार कौशले सहित विद्यालय के समस्त गुरुजन एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।

संस्कृत के साथ तकनीक पर जोर…

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान में शिक्षा के क्षेत्र में तकनीक की भूमिका महत्वपूर्ण हो गई है। संस्कृत हमारी प्राचीन ज्ञान, संस्कृति एवं परंपरा की भाषा है और आधुनिक युग में भी इसकी उपयोगिता बनी हुई है। संस्कृत शिक्षा को आधुनिक तकनीकी संसाधनों से जोड़ने की जरूरत है, ताकि विद्यार्थी डिजिटल शिक्षा का भी लाभ ले सकें।

हेमंत कुमार साहू एवं अध्यक्ष राजेश कुमार राजपूत ने विद्यार्थियों एवं गुरुजनों को संस्कृत भाषा के प्रचार-प्रसार एवं संरक्षण के लिए प्रेरित किया। उन्होंने संस्कृत को केवल विद्यालय तक सीमित न रखते हुए जन-जन तक पहुँचाने और दैनिक जीवन में प्रयोग को बढ़ावा देने पर जोर दिया।

अध्यक्ष ने विद्यालय के शैक्षणिक वातावरण, गतिविधियों एवं सुविधाओं का निरीक्षण भी किया और विद्यार्थियों से संवाद कर उनके अध्ययन एवं भविष्य की योजनाओं पर चर्चा की।

तीन संस्कृत विद्यालयों को मिला लाभ…

संस्कृत शिक्षा को डिजिटल संसाधनों से जोड़ने के उद्देश्य से इन विद्यालयों को निःशुल्क कंप्यूटर सह प्रिंटर प्रदान किए गए –
1. द्रोणाचार्य संस्कृत उच्च माध्य विद्यालय, सोनसरी
2. सुमति देवी संस्कृत विद्यालय, गोंडाडीह
3. माँ संस्कृत विद्यालय, कटनाई

इन संसाधनों से विद्यार्थियों को कंप्यूटर आधारित शिक्षा, डिजिटल अध्ययन सामग्री और ऑनलाइन संसाधनों में सुविधा मिलेगी।

आभार व्यक्त किया…

कार्यक्रम के अंत में द्रोणाचार्य संस्कृत विद्यालय सोनसरी के प्राचार्य कुंजल राम मरार ने अध्यक्ष राजेश कुमार राजपूत सहित सभी अतिथियों, जनप्रतिनिधियों एवं गुरुजनों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह पहल विद्यालयों में डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देगी।

Related Articles

Back to top button