CG – हिर्री में पंचायत भवन बॉड्री वाल कों लेकर खड़ा हुआ बखेड़ा जिस शिकायत के कारण रोकी गई थी पूर्व में कार्य अब क्यों जिम्मेदारों कों वही लगने लगी सही जानें पूरा मामला पढ़े पूरी ख़बर
बिलासपुर//मस्तूरी जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत हिर्री में एक अनोखा और विचित्र मामला सामने आया है जहां एक बड़ी विवाद खड़ी हो गई है दरअसल पंचायत में पूर्व सरपंच द्वारा पंचायत भवन कार्यालय में बॉड़री वाल कार्य कराया जा रहा था जिस पर गाँव में किसी के द्वारा इस बात की शिकायत मस्तूरी जनपद कार्यालय में बैठे उच्च अधिकारीयों से कर दी थी तब तत्कालीन सरपंच ने कार्य कों रोक दिया था शिकायत कर्ता द्वारा उच्च अधिकारीयों कों बताया था की बॉण्ड्री वॉल निर्माण में 12 एम एम का रॉड सरिया लगना था जहां तत्कालीन सरपंच द्वारा 10 एम एम का सरिया रॉड लगाया जा रहा है और इसी शिकायत के आधार पर काम को रोका गया था अब इस बात ने तूल पकड़ लिया है की आखिर पूर्व सरपंच द्वारा जो कार्य कराया जा रहा था उसको रोका गया पर अब वही कार्य हिर्री के वर्तमान सरपंच बे रोक टोक कर रहें है पूर्व सरपंच ने जो कार्य अधूरा छोड़ा था वही से उसको आगे जोड़ा जा रहा है तो क्या इन अधिकारीयों कों अब वो 10 एम एम का सरिया 12 एम एम का दिखने लगा या सरपंच बदलते हीं नियम भी बदल गए यही सवाल अब सभी ग्रामीणों के जुबान पर चल रही है आखिर जनपद पंचायत में बैठे इन अधिकारियों को पूर्व सरपंच द्वारा कराई जा रहे कार्य को रोके जाने के बाद वही कार्य इस 10 एम एम सरिया से वर्तमान सरपंच द्वारा कराया जा रहा है तो क्या इन अधिकारियों को नजर नहीं आ रही है या यह अधिकारी सरपंच के बदलते ही अपना नियम भी बदल दिए हैं और आंखों में काला पट्टी लगा लिए हैं देखना होगा इन उच्च अधिकारियों की आंखें कब खुलती है और कब इस कार्य को रोका जाता है क्योंकि पूर्व सरपंच द्वारा कराए जा रहे कार्य को अगर यह अधिकारी 10 एम एम का सरिया लगाए जाने की शिकायत पर रोक सकते हैं तो अब क्यों इस 10 एमएम की हीं सरिया से निर्माण कार्य को पूरा कराया जा रहा है। हालांकि वर्तमान सरपंच पति का कहना है की वो नए बिम पर 12 एम एम सरिया लगये है पर जो पूर्व सरपंच ने 10 एम एम सरिया लगये थे उसको नहीं हटाया गया मतलब वही काम फिर से कराया जा रहा है फिर निर्माण कैसे हो रहा एक वही काम करें तो गलत पर दूसरा वही सेम कार्य करें तो कैसे सही और क्यों अब बदल गए जिम्मेदारों की सुर अब जिला मुख्यालय में शिकायत की तैयारी में ग्रामीण।




