CG – घर से स्कूल जाने के लिए निकली नाबालिग, रास्ते में हुआ कुछ ऐसा की तबाह हो गई जिंदगी, दो आरोपी गिरफ्तार……

राजनांदगांव। राजनांदगांव जिले के बोरतलाव थाना क्षेत्र की एक नाबालिग किशोरी रोज़ की तरह घर से स्कूल जाने के लिए निकली थी, लेकिन इसके बाद वह वापस नहीं लौटी। किशोरी के लापता होने से परिवार में हड़कंप मच गया। परिजन लगातार छह दिनों तक अपनी बेटी की तलाश में भटकते रहे, लेकिन कोई ठोस जानकारी हाथ नहीं लग सकी। अंततः 18 जनवरी को उन्होंने थाने पहुंचकर लापता बच्ची की रिपोर्ट दर्ज कराई।
मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा ने इसे गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। पुलिस ने संवेदनशीलता और सतर्कता के साथ जांच शुरू की, जिसमें कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए।
जांच के दौरान पता चला कि पीड़िता की दुर्ग जिले के निवासी भूषण साहू (26 वर्ष) से सोशल मीडिया के माध्यम से बातचीत होती थी। आरोप है कि भूषण साहू ने ही किशोरी को डोंगरगढ़ बुलाया था। यहां मुलाकात के दौरान आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया और इसके बाद उसे दुर्ग रेलवे स्टेशन पर अकेला छोड़ दिया।
पीड़िता के अनुसार, इसके बाद उसने कई दिन बेहद कठिन हालात में दुर्ग रेलवे स्टेशन पर गुजारे। नाबालिग होने के कारण वह भय और असुरक्षा की स्थिति में थी और किसी से मदद लेने का साहस भी नहीं जुटा पा रही थी।
जब किशोरी किसी तरह अपने घर लौटने का प्रयास कर रही थी, तभी उसके साथ एक और दर्दनाक घटना घटी। डोंगरगढ़ रेलवे स्टेशन पर उसकी मुलाकात आर्यन डकहा (23 वर्ष) से हुई। आरोप है कि आर्यन ने उसका भरोसा जीतकर उसके साथ दुर्व्यवहार किया।
पुलिस टीम ने तकनीकी निगरानी के आधार पर डोंगरगढ़ रेलवे स्टेशन के वेटिंग हॉल से पीड़िता को आर्यन डकहा के साथ बरामद कर लिया। पीड़िता के बयान के आधार पर पहले आरोपी भूषण साहू की पहचान हुई, जिसे बाद में दुर्ग से हिरासत में लिया गया।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने अपने अपराध स्वीकार किए हैं। पीड़िता के बयान और उपलब्ध प्रारंभिक साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।

