CG- बस्तर में हेरिटेज मैराथन : हिंसा की राह छोड़, उम्मीदों की दौड़, 200 पूर्व माओवादी भी दौड़ेंगे, शांति और बदलाव का संदेश…..

जगदलपुर। बस्तर, लंबे समय तक नक्सलवाद की छाया में रहने के बाद अब धीरे-धीरे बदल रहा है, और इस बदलाव की नई कहानी 22 मार्च को होने वाली हेरिटेज मैराथन के जरिए सामने आएगी। इस विशेष आयोजन में बस्तर, बीजापुर, सुकमा और नारायणपुर के 200 से अधिक आत्मसमर्पित पूर्व माओवादी भी भाग लेंगे, जो पेशेवर एथलीट्स और स्थानीय नागरिकों के साथ दौड़ेंगे।
बस्तर आईजी पी. सुन्दरराज ने बताया कि मैराथन में आत्म-समर्पित माओवादी के लिए विशेष श्रेणी बनाई गई है। यह आयोजन केवल एक खेल प्रतियोगिता नहीं है, बल्कि बस्तर में शांति, एकता और विकास के नए संदेश को पेश करने का माध्यम भी है।
दौड़ लालबाग मैदान से शुरू होकर विश्व प्रसिद्ध चित्रकोट जलप्रपात तक 42 किलोमीटर की दूरी तय करेगी। इस मैराथन में पेशेवर एथलीट्स, छात्र-छात्राएं और स्थानीय युवा भी हिस्सा लेंगे, जो बंदूक से इंसानियत और राष्ट्र निर्माण की ओर आए उन पूर्व नक्सलियों के सफर को प्रतीक रूप में दिखाएंगे।



