CG – अवैध चखना माफियाओं के सामने बेबस लाचार आबकारी विभाग किसकी सह पऱ चल रहा भटचौरा में बे-रोक-टोक अवैध चखना सेंटर जैसा बार क्यों कार्रवाई करने से भाग रहें जिम्मेदार कब दिखेगा इनकों ग्रामीण औऱ विद्यार्थियों की समस्या पढ़े पूरी ख़बर
बिलासपुर//जिले के मस्तूरी क्षेत्र में स्थित भटचौरा सरकारी मदिरा दुकान के आसपास अवैध चखना सेंटर बेरोकटोक चलाए जा रहे हैं। यहां ग्राहकों को बार जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे सरकारी खजाने को हर महीने लाखों रुपए के राजस्व का नुकसान हो रहा है। यहाँ सरकार कों राजस्व दें कर चलाएं जानें वाले चखना सेंटर कों भी बंद करना पड़ गया है कारण सिर्फ अवैध रुप से चलाएं जा रहें चखना सेंटर है आखिर कब जागेगा आबकारी विभाग औऱ इनके जिम्मेदार?
कब औऱ कैसे जागेगा बिलासपुर आबकारी विभाग औऱ इनके जिम्मेदार जिनके ढुल-मूल रवैये के कारण आज रोड़ किनारे शराब के नशे में धुत होकर अनाप सनाप अपशब्द का उपयोग कर रहें हैँ रोजाना औऱ यही से पढ़ने लिखने वाले छात्र छात्राएं गुजर रहें हैँ पऱ मजाल है की विभाग के इन कुर्सीतोड़ आबकारी विभाग के अधिकारियों पऱ इन ग्रामीणो औऱ विद्यार्थियों की दुख दर्द नजर भी आ जाए सवाल यही हैँ की कब टूटेंगी इनकी गहरी नींद औऱ कब बंद होगा रोड किनारे चलाए जा रहें अवैध चखना सेंटर?
बताते चलें की यहाँ शराब दुकान खोलने के पहले भी ग्रामीणों नें जमकर विरोध किया था पऱ उनको उच्च अधिकारियों नें किसी तरह शांत कराया था अब ग्रामीण रोड़ किनारे चलाएं जा रहें अवैध चखना सेंटर से परेशान है खास कर विद्यार्थी औऱ महिलाएं जो स्कूल आते जाते यहाँ से गुजरते है इनके अलावा अभी खेती किसानों का भी समय चल रहा है औऱ महिलाएं यही आसपास खेतोँ में काम करने जाती है उनको भी शराब प्रेमियो की हरकत से दो चार होना पड़ रहा है गाँव वाले भी पूछ रहें है आखिर क्यों औऱ कौन इनकों सह दें रहा है जिनके कारण ये इतने बेखौफ होकर चखना सेंटर चला रहें है ना इनकों पुलिस की डर सता रही ना आबकारी वालों का भय।
आरोप है कि वैध चखना सेंटर नहीं चलने का कारण अवैध चखना सेंटर ही है पऱ ना ही आबकारी विभाग के जिम्मेदार औऱ ना ही पुलिस इनकों रोक पा रही है हालांकि पचपेड़ी थाना की मुखिया कहती है की वो कार्रवाई करती है पऱ आबकारी वाले जिनको कार्रवाई करना चाहिए वो नदारत रहते है थाना प्रभारी का कहना है की जितनी बल चाहिए ज़ब चाहिए कार्रवाई करने वो देनें के लिए तैयार है पऱ आबकारी विभाग के जिम्मेदार बोले तब औऱ यही कारण है की अवैध सेंटर खुले आम संचालित हो रहे हैं। शराब के साथ बैठने, खाने-पीने और देर रात तक जमावड़े की सुविधा दी जा रही है।
आबकारी विभाग पर सवाल…
सबसे बड़ा सवाल आबकारी विभाग की भूमिका पर उठ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि “आबकारी वालों ने आंख बंद कर ली है” और कार्रवाई के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति हो रही है।
लोगों ने मांग की है कि अवैध चखना सेंटरों पर तुरंत छापेमार कार्रवाई कर उन्हें बंद किया जाए, ताकि आने जाने वाले राहगीरों औऱ पढ़ाई करने आम गाँव से भटचौरा आने वाले छात्र छात्राओं कों परेशानी ना हो बताते चलें की इसी रोड़ से सैकड़ो विद्यार्थी रोजाना हाई स्कूल भटचौरा पढ़ने आते है जिनके लिए ये भारी मुशीबत बना हुआ है।
एक चखना सेंटर किसी तरह बंद हुआ पऱ अब भी कई यहाँ दें रहें बार जैसी सुविधा अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में कब और क्या कार्रवाई करता है। औऱ कब इन पढ़ाई करने वाले बच्चों की समस्या दूर होती है क्यों की लगातार यहाँ के ग्रामीण भी इस मुद्दे पऱ अपनी आवाज बुलंद कर रहें है पऱ आबकारी विभाग के अधिकारी कार्रवाई से बचते नजर आ रहें है पता नहीं इनकी कौन सी ऐसी मज़बूरी है जिसके वजह से ये अपनी जिम्मेदारी से मुंह मोड़ रहें है।




