CG – OTP नहीं, अब ऐसे मिलेगा राशन! नियम तोड़ने पर होगी FIR; जानिए कब से होगा लागू…..

रायपुर। रायपुर में राशन वितरण में बड़ा बदलाव हो गया है। अब ओटीपी के जरिए राशन देने की व्यवस्था पूरी तरह बंद कर दी गई है। अब लाभार्थी को खुद दुकान पर आकर बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन के बाद ही राशन मिलेगा। यह फैसला इसलिए लिया गया क्योंकि ओटीपी सिस्टम के जरिए फर्जीवाड़े और राशन के गलत इस्तेमाल की शिकायतें मिल रही थीं।
अब राशन दुकानों से ओटीपी के जरिए राशन देने की व्यवस्था पूरी तरह खत्म कर दी गई है। पहले कई मामलों में ऐसा होता था कि अगर कोई हितग्राही राशन लेने नहीं आता था, तो उसके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आए ओटीपी के आधार पर भी राशन दे दिया जाता था। लेकिन अब यह तरीका बंद कर दिया गया है। फूड डायरेक्टर ने साफ निर्देश दिए हैं कि अब राशन लेने के लिए लाभार्थी को खुद दुकान पर आना जरूरी होगा। राशन तभी मिलेगा जब कोई अपने अंगूठे का बायोमेट्रिक (Fingerprint) वेरिफिकेशन करेगा। यानी आधार आधारित पहचान के बिना राशन नहीं दिया जाएगा।
यह कदम इसलिए उठाया गया है क्योंकि विभाग को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि ओटीपी सिस्टम का गलत इस्तेमाल हो रहा है। कई जगहों पर ओटीपी के जरिए फर्जी तरीके से चावल और अन्य राशन का लेन-देन किया जा रहा था। कुछ लोग ओटीपी खरीदकर या बेचकर सरकारी राशन को बाजार में बेच देते थे। इससे सरकारी व्यवस्था का गलत इस्तेमाल हो रहा था।
क्या है नई गाइडलाइन
नई गाइडलाइन के अनुसार, जिन राशन कार्ड धारकों का ई-केवाईसी पूरा हो चुका है, उन्हें अब सिर्फ आधार ऑथेंटिकेशन करने के बाद ही राशन मिलेगा। अगर कोई शख्स नॉमिनी के जरिए राशन लेता है, तो उसे भी बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन करना जरूरी होगा। अब ओटीपी से किसी को भी राशन नहीं दिया जाएगा।
हालांकि, कुछ खास परिस्थितियों में छूट दी गई है, जैसे 60 साल से ज्यादा उम्र के बुजुर्ग, 10 साल से कम उम्र के बच्चे, एकल निराश्रित व्यक्ति और दिव्यांग हितग्राही को ओटीपी की लिमिटेड फैसिलिटी दी जा सकती है।


