CG – कोडार में सुशासन के दावे फेल सालभर से करंट प्रवाहित पोल गिरा पड़ा खराब ट्रांसफार्मर बना शोपीस बिजली विभाग की लापरवाही को लेकर ग्रामीण आक्रोशित पढ़े पूरी ख़बर
0 वेबसाइट पर सुधार कार्य पूर्ण, धरातल पर हालात जस के तस.
कोरबा//कोडार में विद्युत विभाग की घोर लापरवाही सामने आयी है। यहां पिछले साल भारी बारिश में नदियापार पुल के पास करंट प्रवाहित विद्युत पोल गिर गया था, जो आज तक उसी हालत में पड़ा है। तार जमीन पर बिखरे हैं और उसमे करंट दौड़ रहा है, जिससे कभी भी बड़ी जनहानि हो सकती है। यही हाल पीपर झोरखी मोहल्ले के है, जहां लगा ट्रांसफार्मर खराब पड़ा है। ट्रांसफार्मर जलने से पूरा मोहल्ला अंधेरे में है। वर्तमान सत्र स्कूल खुलने के बाद बच्चों की पढ़ाई के अलावा खेती- किसानी और घरेलू कामकाज बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। ग्रामीणों को रात में जहरीले जीव-जंतुओं का डर सताता है।
मामला पाली विकासखण्ड के दूरस्थ एवं वनांचल ग्राम पंचायत कोडार का है, जहां के ग्रामीणों का आरोप है कि विद्युत विभाग पाली को करंट प्रवाहित पोल गिरने व ट्रांसफार्मर खराब होने की कई बार सूचना दी गई। विभाग के कर्मचारी मौके पर आते भी हैं, गिरे हुए करंट वाले पोल और खराब ट्रांसफार्मर को देखकर बिना कोई कार्रवाई किये लौट जाते है। विभाग इस गंभीर समस्या को लेकर बिल्कुल भी संजीदा नही है। नदियापार पुल के पास गिरा पोल स्कूली बच्चों और मवेशियों के आवागमन वाले रास्ते पर है। बारिश के मौसम में जमीन गीली होने से करंट फैलने का खतरा और बढ़ गया है।
ग्रामीण दहशत में जी रहे है। ऐसे ही हालात पीपर झोरखी मोहल्ले, जहां ट्रांसफार्मर खराब होने के बाद महीनों शोपीस बना हुआ है। सोचनीय बात यह है कि ग्रामीणों ने सुशासन तिहार में इस समस्या के निराकरण के लिए आवेदन दिया था। लेकिन हकीकत ये है कि सुशासन की वेबसाइट पर इस काम को सुधार कार्य पूर्ण दिखाया जा रहा है, जबकि धरातल पर गिरा हुआ पोल और जला ट्रांसफार्मर जस का तस पड़ा हुआ है। इससे साफ है कि शासन की महत्वाकांक्षी योजना में भी सिर्फ कागजी खानापूर्ति की जा रही है। ग्रामीणों ने कलेक्टर और विद्युत विभाग के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि इस मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल सुधार कार्य कराया जाए, ताकि किसी अनहोनी से बचा जा सके।




