CG – वृक्षों की अंधाधुंध कटाई पर विभाग नहीं लगा पा रहा ब्रेक अब सीपत के तेंदुआ मुड़पार से आया मामला कब रुकेगा अवैध लकड़ी का ब्यापार और कब कशेगा इन ब्यापारियों पर शीकंजा पढ़े पूरी ख़बर
सीपत//क्षेत्र के तेंदुआ मुड़पार में इन दिनों पैड़ो की कटाई चरम पर है कुछ लोंग कौहां जैसे वृक्षों कों काट काट अपना बिजनेस चमका रहें है और इनका हौसला सातवे आसमान पर है ये दिन दहाडे इन वृक्षों कों काट रहें है और बेच कर अपना जेब भी भारी कर रहें है आज सुबह 9 बजे के आसपास यहाँ नवागाँव का लकड़ी ब्यावसाई मुड़पार में डेम के पीछे नाला के पास पराजबन के किनारे कटाई कर रहा था इनके लगातार पेड़ो की कटाई नें क्षेत्र वासियों की चिंता बढ़ा दिया है और जो खेत खलिहान कल तक हरियाली से लोंगो कों अपनी ओर खींचते थे वो अब इन दलालो की वजह से वीरान होता जा रहा है।
बतातें चलें की कुछ दिन पहले हीं मुड़पार तेंदुआ में कुछ लोंगो पर वृक्षों की चोरी छिपे कटाई कों लेकर कार्रवाई भी देखने मिला था जो कानून के हाथ चढ़ गए पर कुछ लोंग अब भी इसको अपना धंधा बना लिए है जिससे प्रकृति पर इसका बुरा असर पडना तय है। कुछ लोंगो के द्वारा लगातार वृक्षों कों काट कर उसको बेच कर पैसा बनाने का जुजुन सवार है और ये आसपास कों लगातार उजाड़ रहें है कुछ रुपए के लालच में ये प्रकृति के साथ खिलवाड़ करने से बाज नहीं आ रहें। जिसका सीधा असर मानव जीवन पर हीं पड़ना है कल तक जो जगह बड़े बड़े छायादार फालदार वृक्षों से सजा हुआ दिखाई पड़ता था उसको आज कुछ रुपए के लिय कुछ लालची लोंग बंजर कर रहें है।
कुछ सालों से वृक्षों की कटाई का चलन चरम पर है इसको अब इंसानों नें कमाई का जरिया बना लिया है और लगातार काट काट कर इसका क्रय विक्रय किया जा रहा है जंगली क्षेत्रों में इसको काट कर शहरी क्षेत्रों में फर्नीचर के निर्माण के लिए सप्लाई किया जा रहा है कुछ महीना पहले भी सीपत क्षेत्र के जंगल से पुलिस नें जंगल में लकड़ी चोरो कों पकड़ा था जो चोरी छिपे जंगल में वृक्षों की कटाई कर कही उसकी सप्लाई किया करते थे देखना होगा कब तक ऐसे चोरो पर काबू पाया जाता है जो वृक्षों कों काट काट कर अपनी जेब भरने का काम कर रहें है और कब तक पब्लिक इस बात कों समझती है की कुछ रुपयों के लिए जंगलों और खेतोँ कों वीरान करना भारी हानिकारक होंगा।




