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“Love Your Eyes” थीम पर मनाया जाएगा 27वां विश्व दृष्टि दिवस

“Love Your Eyes” थीम पर मनाया जाएगा 27वां विश्व दृष्टि दिवस

 

बेमेतरा,  अंधत्व एवं अल्प दृष्टि नियंत्रण कार्यक्रम अंतर्गत प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी अक्टूबर माह के द्वितीय गुरुवार दिनांक 08 अक्टूबर 2026 को जिला बेमेतरा के सभी विकासखण्डों में 27वां विश्व दृष्टि दिवस जन जागरूकता कार्यक्रम के रूप में मनाया जाएगा।

इस वर्ष विश्व दृष्टि दिवस का थीम “Love Your Eyes” रखा गया है। इसका मुख्य उद्देश्य नेत्र देखभाल के महत्व पर दुनिया का ध्यान केंद्रित करना, आम जनता में आँखों की देखभाल के प्रति जागरूकता फैलाना और सभी को अपनी आँखों से प्यार करने के लिए प्रेरित करना है। जन सामान्य को दृष्टि की सुरक्षा, दृष्टिहीनता के कारण, इसके बचाव तथा उपचार के विषय में जानकारी दी जाएगी।

 

यह जन जागरूकता अभियान कलेक्टर सुश्री प्रतिष्ठा ममगाई के निर्देश पर, सीएमएचओ डॉ. शरद कोहाड़े के मार्गदर्शन एवं नोडल अधिकारी डॉ. बी.एल. राज के नेतृत्व में चलाया जा रहा है।

 

नोडल अधिकारी डॉ. राज ने बताया कि आँखों को स्वस्थ रखने के लिए निम्न बातों का विशेष ध्यान रखें –

 

– प्रत्येक छह माह में अपनी आँखों की जांच नेत्र विशेषज्ञ से अवश्य कराएं।

– प्रतिदिन सुबह उठकर एवं रात को सोते समय आँख एवं आँख के चारों ओर की त्वचा को साफ पानी से धोएं। आँखों और चेहरे के लिए अलग और साफ तौलिया इस्तेमाल करें।

– धूप और बहुत तेज रोशनी से आँखों को बचाएं, अच्छी किस्म के चश्मे/गॉगल्स का उपयोग करें।

– आँखों को दुर्घटना से बचाएं, जैसे आतिशबाजी, तीर-कमान, गिल्ली-डंडा खेलते समय सावधानी बरतें। आँख में कुछ गिर जाए तो आँख को मलें नहीं, साफ पानी से धोकर बाहरी कण को निकाल दें।

– पुस्तक को आँखों से 1 से 1.5 फीट की दूरी पर रखकर पढ़ें। चलती बस में, लेटे हुए या बहुत कम प्रकाश में कभी न पढ़ें। पर्याप्त प्रकाश में पढ़ें और स्क्रीन टाइम (मोबाइल/डिजिटल) सीमित रखें।

– रतौंधी से बचने के लिए हरे पत्तेदार सब्जी, गाजर, पपीता, आम, कद्दू, शकरकंद, दूध आदि का सेवन करें।

– शिशु को 09 माह से 05 वर्ष तक प्रत्येक 06 माह के अंतराल से विटामिन-ए का घोल पिलाएं, अर्थात कुल 09 बार विटामिन-ए की खुराक दें।

– 40 वर्ष एवं अधिक उम्र के सभी व्यक्तियों को वर्ष में एक बार नेत्र परीक्षण, ब्लड प्रेशर एवं ब्लड शुगर की जांच अवश्य करानी चाहिए।

– समय से पहले (07 माह) जन्म लेने वाले बच्चे का नेत्र परीक्षण कराना अति आवश्यक है क्योंकि इनमें रेटिनोपैथी होने की संभावना रहती है।

 

उन्होंने बताया कि जिन लोगों को नजदीक के चश्मे का नंबर बार-बार बदलता है या सामने की वस्तु साफ दिखती है पर अगल-बगल की नहीं, या आँखों में अचानक दर्द होता है, तो उन्हें ग्लूकोमा (काला मोतियाबिंद) होने की संभावना रहती है। मोतियाबिंद का सही समय पर ऑपरेशन से उपचार संभव है।

 

सीएमएचओ डॉ. शरद कोहाड़े ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे स्वयं के साथ-साथ अपने परिवार एवं प्रियजनों की आँखों की देखभाल करें और आँखों का इलाज स्वयं न करें तथा नीम-हकीमों से न कराएं, तुरंत निकटतम प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र या जिला अस्पताल में संपर्क करें।

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