वर्षों से नहीं बनी सड़क,और तीन महीने से पेयजल नहीं,लोग कर रहे व्यवस्था सुधार की माँग।


एक तो वर्षों से सड़क नहीं ऊपर से पेयजल की समस्या,
((नया भारत सितेश सिरदार लखनपुर)):–
सरगुजा जिले के आकांक्षी विकासखंड लखनपुर के ग्राम पंचायत बेलदगी के खुटेनपारा से सड़क और पानी जैसी मूलभूत समस्याओं को लेके एक ऐसा मामला सामने आया है जहाँ आज वर्षों बीत जाने के बाद लोग सड़क और पानी जैसी सुविधाओं के तरसते नजर आते हैं। कई सरकारें बदली कई मंत्री के चेहरे समय के साथ बदल गए पर नहीं बदल पायी तो गांव की तस्वीर जिस तस्वीर में विकास नजर आता है और लोग आज भी पानी और बेहतर सड़क की तलाश में हैं। आख़िर इनकी समस्याएं सुनेगा कौन। कई बार यह समस्या पंचायत के सरपंच तक पहुँची कई बार लोगो ने ग्राम के सचिव तथा आला अधिकारियों तक सड़क निर्माण व पानी को लेके मदद की गुहार लगायी परंतु बदलते समय के साथ आज वर्षों बाद भी ये लोग सड़क के जल्द बनने की आश लगाये बैठे हैं। जहाँ लोगो ने बताया की शासन ,विधायक और,मंत्री बदले पर यहाँ सड़क तथा पानी के व्यवस्था की तस्वीर नहीं बदल पायी। ग्रामीणों का कहना है की मौजूदा विधायक आए यहाँ बैठे बिस्कुट खिलाया और बोले मुझे जीता दो रोड बन जाएगा अब विधायक जीत भी गए और दुबारा वहीं आकर प्रस्ताव दे दो बोलकर चले गए। बाद इसके उनका आश्वासन महज एक आश्वासन बनकर ही रह गया जहाँ आज पर्यंत तक यहाँ पानी व सड़क की समस्या जस का तस बना हुआ है। चलिये बताते गईं आख़िर में पूरा मामला क्या है दरअसल लखनपुर से 5 किमी दूर बसा हुआ बेलदगी ग्राम का एक मोहल्ला है खुटेनपारा जहाँ करीब 20 से 30 परिवार के लोग निवासरत हैं। इसके क़रीब ही ग्राम कोसंगा से लखनपुर जाने के लिए एक पगडंडी रास्ता बना हुआ है जो की जाकर केंवरी ग्राम से जुड़ता है जिससे होते हुए मैनपाट तक रास्ता जाता है।जिसे बनाने की माँग यहाँ के लोग कर रहे हैं।बात करें लोगो की परेशानियों की तो बरसात के दिनों में यह रास्ता काफ़ी ख़राब हो जाता है जिसके बाद इस रास्ते पर कीचड़ ही कीचड़ होता है जिसके बाद यहाँ के लोगो को इस रास्ते से लखनपुर तक आने जाने तथा बच्चों को स्कूल जाने में भी काफ़ी परेशानी का सामना करना पड़ता है। हालात इतने बदतर हो जाते हैं की रास्ते को देखते हुए बच्चों के माता पिता उन्हें महीनों तक स्कूल नहीं भेजते जिससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होती है। दूसरी परेशानी यहाँ पानी की है जहाँ बोर तो लगा है लेकिन बोर के पंप ग़ायब हैं जिसे असामाजिक तत्त्वों द्वारा चुरा कर ले जाया गया इसकी सूचना ग्रामीणों द्वारा थाने में दी गई पर चोरों का पता अब तक ना तो चल पाया है और न ही बोर सुधर पाया जिसके बाद विगत तीन महीनों से ग्रामीणों के सामने पेयजल की समस्या आ खड़ी हुई है। एक बोर लगाया भी गया है तो उसका स्टार्टर एक निजी व्यक्ति के घर के अंदर लगा हुआ है जिसके कारण आए दिन लोगो का विवाद पानी भरने को लेकर होता है। अब ग्रामीण बड़ी मशक्कत से 3 किमी दूर केंवरी ग्राम से पानी लेन मजबूर हैं। हैंडपंप तो लगे हैं पर किसी काम के नहीं हैं जिसमे कई जगह या तो बोर लगा उसे अन्यत्र निकाल कर ले जाया गया है या फिर हैंडपंप खराब स्थिति में नजर आते हैं। नल जल योजना भी मोटर चोरी के बाद ठप पड़ा हुआ है। ग्रामीणों के द्वारा कई बार इस संबंध में सरपंच सचिव को प्रस्ताव दिया गया है की रोड बनाया जाए और पानी व्यवस्था सुलभ करायी जाये परंतु आज तक इस ओर कोई प्रयास नहीं किया जा सका है। ग्रामीणों ने बरसात पूर्व सड़क बनाने तथा पानी व्यवस्था में जल्द से जल्द सुधार किए जाने की माँग की है ताकि उन्हें इस समस्या से निजात मिल सके। फिलहाल ग्रामीणों के सामने पेयजल तथा रोड की समस्या जस की तस बनी हुई है अब देखना यह होगा कि इस खबर के बाद प्रशासन इस मामले में क्या प्रयास करती है तथा कब तक ये सड़क बन पाएगी और कब तक लोगो को शुद्ध पेयजल आसानी से मिल पाएगा या फिर लोगो की उम्मीद केवल एक उम्मीद ही बनकर रह जाएगी।
