CG – युवक की हरकत से रूक गई गांव के सरकारी काम, कुछ ही मिनटों में बदल गया पूरा माहौल, जाने क्या है पूरा मामला…..

पेन्ड्रा। गौरेला क्षेत्र में राजस्व विभाग की टीम के साथ गाली-गलौज और अभद्र व्यवहार का मामला सामने आया है। जहां शासकीय कार्य के दौरान एक पटवारी और कोटवारों के साथ गाली-गलौच, मारपीट के प्रयास और जान से मारने की धमकी देने दी। तहसीलदार न्यायालय पेन्ड्रारोड के आदेशानुसार ग्राम गौरेला में भूमि सीमांकन करने पहुंचे पटवारी हीरा सिंह पेन्द्रो के साथ स्थानीय युवक दीपक तिवारी ने अभद्र व्यवहार करते हुए उनके काम में बाधा उत्पन्न की।
इस घटना के बाद प्रार्थी पटवारी की लिखित शिकायत पर पुलिस ने आरोपी दीपक तिवारी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 132 और 221 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर मामले को विवेचना में ले लिया है। घटना के संबंध में मिली जानकारी के अनुसार, पटवारी हल्का नंबर 19 पेन्ड्रारोड में पदस्थ हीरा सिंह पेन्द्रो 11 मई 2026 को ग्राम गौरेला स्थित खसरा नंबर 205/1 और 205/3 के सीमांकन के लिए पहुंचे थे।
इस दौरान उनके साथ ग्राम कोटवार रमेश काशीपुरी और चंदनलाल भी मौजूद थे। जैसे ही पटवारी ने मौके पर पहुंचकर नक्शे से भूमि का मिलान शुरू किया, वैसे ही दीपक तिवारी नाम का युवक वहां आ धमका। आरोपी ने आते ही शासकीय कार्य का विरोध करते हुए पटवारी को गंदी-गंदी अश्लील गालियां देना शुरू कर दिया। विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपी ने पटवारी के साथ छीना-झपटी करते हुए उनकी मोटरसाइकिल की चाबी छीन ली और मारपीट का प्रयास किया।
जब पटवारी ने अपने मोबाइल से इस पूरी घटना का वीडियो बनाने की कोशिश की, तो आरोपी ने उनका मोबाइल भी छीनने का प्रयास किया। मौके पर बीच-बचाव करने आए दोनों ग्राम कोटवारों के साथ भी आरोपी ने बदसलूकी की और उनके साथ भी मारपीट की कोशिश की। आरोपी के इस उग्र रूप को देखकर सीमांकन कराने आए आवेदक और उनके अधिवक्ता डर के मारे मौके से भाग खड़े हुए। घटना से बुरी तरह डरकर पटवारी और दोनों कोटवार भी अपनी जान बचाते हुए वहां से भागे।
कुछ दूरी पर जाने के बाद आरोपी ने एक कोटवार को मोटरसाइकिल की चाबी वापस की, जिसके बाद सभी सुरक्षित अपने कार्यालय पहुंचे। पटवारी हीरा सिंह पेन्द्रो ने इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी तुरंत राजस्व निरीक्षक को दी। इसके बाद उन्होंने गौरेला थाने उपस्थित होकर आरोपी दीपक तिवारी के खिलाफ लिखित आवेदन पेश किया, जिस पर पुलिस ने शासकीय कार्य में बाधा डालने और धमकी देने की धाराओं के तहत कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है।



