CG- यात्री बस किराया बढ़ाने को लेकर परिवहन विभाग का बड़ा फैसला, जल्द लागू हो सकते हैं नए रेट, बस संचालकों को जारी किए गए ये अहम निर्देश…..

रायपुर। यात्री बसों में किराया वृद्धि की मांग को लेकर परिवहन विभाग ने सभी बस संचालकों की बैठक लेकर चर्चा की। विभाग ने बारी-बारी से सभी संचालकों से बात की और बस संचालन में आ रही कठिनाइयों की जानकारी ली। बस संचालकों ने बताया कि छत्तीसगढ़ शासन द्वारा पिछली बार किराया वृद्धि वर्ष 2021 में की गई थी। डीजल की मूल्य में लगातार वृद्धि होने के कारण संचालकों ने मांग रखी कि यात्री किराया डीजल के मूल्य में कमी या वृद्धि के साथ घटने-बढ़ने का स्थायी कानून बनाया जाए।
परिवहन विभाग ने कहा कि अन्य राज्यों के दरों का तुलनात्मक अध्ययन कर नया किराया दर पर जल्द निर्णय लिया जाएगा। बता दें कि इससे पहले बस संचालकों ने परिवहन मंत्री से मुलाकात कर यात्री किराए में 25 प्रतिशत तक की वृद्धि किए जाने की मांग की थी। उनका कहना है कि पेट्रोल-डीजल की तेजी से बढ़ती कीमत के चलते भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है।
अखिल भारतीय पर्यटक परमिट पर सख्ती
बैठक में अखिल भारतीय पर्यटक परमिट के संचालन पर भी चर्चा हुई। विभाग ने स्पष्ट किया कि अखिल भारतीय पर्यटक परमिट का स्टेज कैरिज के रूप में संचालन किए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
परिवहन विभाग ने बस संचालकों को दिए गए 10 अहम निर्देश
महिला एवं दिव्यांगजन आरक्षण
प्रत्येक स्टेज कैरिज में क्षमता का 25 प्रतिशत भाग महिला यात्रियों के लिए आरक्षित रहेगा तथा “महिलाओं के लिए आरक्षित” का बोर्ड स्पष्ट रूप से प्रदर्शित किया जाएगा। प्रत्येक बस में दिव्यांगजनों के लिए न्यूनतम 03 सीटें आरक्षित रखी जाएं और उनके चढ़ने-उतरने की सुविधा उपलब्ध कराई जाए।
टिकट एवं रिकॉर्ड संधारण
प्रत्येक यात्री को पूर्व-मुद्रित टिकट जारी करना अनिवार्य होगा। टिकट में परमिट संख्या, परमिट प्रकार, वाहन क्रमांक, मार्ग, किराया, टिकट क्रमांक, जारी करने की तिथि तथा परिचालक का नाम एवं हस्ताक्षर अंकित रहेंगे। टिकट रिकॉर्ड न्यूनतम 02 वर्ष तक सुरक्षित रखना होगा।
कर्मचारी पहचान-पत्र एवं यूनिफॉर्म
प्रत्येक चालक एवं परिचालक को पहचान-पत्र तथा यूनिफॉर्म जारी करना अनिवार्य होगा, जिसमें नाम, पता, फोटो, लाइसेंस, बैज क्रमांक, परमिट विवरण एवं वैधता अंकित रहेगी।
वाहन में जानकारी का प्रदर्शन
वाहन के बाहरी भाग पर वाहन स्वामी का नाम-पता, मोबाइल नंबर, परमिट संख्या एवं प्रकार, परमिट वैधता, रूट, सेवा विवरण, पुलिस तथा परिवहन हेल्पलाइन नंबर स्पष्ट अंकित किए जाएं। वाहन के अंदर चालक, परिचालक, परिचय क्रमांक एवं हेल्पलाइन नंबर प्रदर्शित किए जाएं।
अग्नि सुरक्षा एवं आपातकालीन निकास
सभी यात्री बसों, स्लीपर कोच तथा स्कूल बसों में आपातकालीन निकास द्वार, आपातकालीन खिड़कियां, रूफ एस्केप हैच, आपातकालीन हथौड़े, अग्निशामक यंत्र, आपातकालीन प्रकाश व्यवस्था तथा प्राथमिक उपचार पेटी कार्यशील स्थिति में रखना अनिवार्य होगा। वेल्डेड स्ट्रक्चर, अवैध पार्टिशन, अतिरिक्त सीट या अन्य अवरोध से आपातकालीन निकास बाधित करना पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।
फायर डिटेक्शन एंड सप्रेशन सिस्टम
AIS-119, AIS-063 एवं AIS-135 के प्रावधानों के अनुसार लागू श्रेणी के वाहनों में Fire Detection and Alarm System तथा Fire Detection and Suppression System कार्यशील स्थिति में स्थापित होना अनिवार्य होगा।
अवैध संरचनात्मक संशोधन पर प्रतिबंध
सक्षम प्राधिकारी की अनुमति के बिना वाहन में अवैध बॉडी मॉडिफिकेशन, चेसिस एक्सटेंशन, गैंगवे अवरोध, अनाधिकृत रूपांतरण अथवा अन्य संरचनात्मक संशोधन नहीं किया जाएगा।
परमिट शर्तों का अनुपालन
सभी परमिट धारक निर्धारित परमिट शर्तों, स्वीकृत मार्ग, समय-सारणी, यात्री क्षमता एवं सुरक्षा मानकों का पूर्ण अनुपालन सुनिश्चित करेंगे।
सर्वोच्च न्यायालय एवं मानवाधिकार आयोग के निर्देश
यात्री सुरक्षा, सड़क सुरक्षा एवं बस अग्नि दुर्घटनाओं की रोकथाम संबंधी जारी निर्देशों का कड़ाई से पालन किया जाए।
नियमानुसार कार्रवाई
नियमों के उल्लंघन पर संबंधित वाहन परमिट धारक के विरुद्ध मोटरयान अधिनियम, 1988 एवं मोटरयान नियम, 1994 के अंतर्गत कार्रवाई की जाएगी। इसमें फिटनेस निलंबन, लाइसेंस निरस्तीकरण, वाहन जब्ती, दंडात्मक कार्रवाई तथा अभियोजन शामिल हो सकता है। परिवहन विभाग ने कहा कि यात्री सुरक्षा सर्वोपरि है और नियमों का उल्लंघन किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।



