CG – अमलडीहा एनीकट में भ्रष्टाचार का खुलासा:सरपंच कांती किरण पटेल ने कलेक्टर को लिखा पत्र,15 बोरी बोलो, डालते 8 बोरी मजदूरों से झूठ बुलवाता है ठेकेदार पढ़े पूरी ख़बर
बिलासपुर//मस्तूरी के अमलडीहा (कुकुर्दी) में निर्माणाधीन एनीकट में बड़े घोटाले का मामला सामने आया है। ग्राम पंचायत सरपंच कांती किरण पटेल ने कलेक्टर बिलासपुर को 06,06,25 कों पत्र लिखकर निर्माण में भारी अनियमितता का आरोप लगाया है। जांच में सामने आया कि ठेकेदार मजदूरों से अधिकारियों के सामने झूठ बुलवाता है।
शिकायत में क्या लिखा है?
दिनांक 06/06/2025 को भेजे पत्र क्रमांक 35 में सरपंच ने लिखा कि जिला पंचायत सदस्य क्षेत्र क्र. 14 श्रीमती राधा खिलावन के साथ निरीक्षण में ये गड़बड़ियां मिलीं…
1.सीमेंट की चोरी मिक्सिंग के समय तय मात्रा से कम सीमेंट डाला जा रहा है सफाई नहीं ढलाई से पहले फर्स से मिट्टी साफ नहीं की जा रही, जिससे एनीकट की मजबूती खतरे में है। झूठ बोलने का दबाव ठेकेदार के कर्मचारी गांव के मजदूरों से कहते हैं कि “अगर कोई अधिकारी पूछे तो बोलना कि 15 बोरी सीमेंट डलता है।” जबकि ग्रामीणों ने खुद देखा कि मिक्सिंग मशीन में सिर्फ 8 बोरी ही डाली जाती है।
सरपंच की मांग…
सरपंच कांती किरण पटेल ने कलेक्टर से तत्काल जांच कर उचित कार्रवाई की मांग की थी हालांकि अभी तक जाँच हुई यही ये जानने योग्य बात है पत्र लिखने का उदेश्य था एनीकट का निर्माण सही ढंग से हो सके ताकि भविष्य में करोड़ों के लागत से बन रहें इस प्रोजेक्ट में खामिया ना उजागर हो। पत्र की प्रतिलिपि मुख्यमंत्री, मस्तूरी विधायक दिलीप लहरिया, जल संसाधन मंत्री केदार कश्यप और कार्यपालन अभियंता खारंग जल संसाधन संभाग बिलासपुर को भी भेजी गई है।
क्या कहते हैं नियम…
एनीकट निर्माण में M-25 ग्रेड कंक्रीट अनिवार्य है। इसमें प्रति घनमीटर 340 किलो यानी 7 बोरी सीमेंट लगती है। 8 बोरी डालने से भी काम नहीं चलेगा, 15 बोरी का तो सवाल ही नहीं। कम सीमेंट से एनीकट पहली बारिश में ही दरक सकता है। ढलाई से पहले सरफेस साफ करना IS कोड 456 में अनिवार्य है।
जवाबदेही किसकी?
जल संसाधन विभाग के SDO और उपअभियंता की ड्यूटी है कि हर बैच की मिक्सिंग चेक करें। मजदूरों से झूठ बुलवाने का मतलब है कि ठेकेदार और विभागीय अमले की मिलीभगत है। एक बोरी सीमेंट की कीमत ₹400 है। रोज 50 मिक्सिंग में 7 बोरी कम डालने पर रोज ₹1.40 लाख का घोटाला हो रहा है।
*प्रशासन ने क्या कहा*
जल संसाधन विभाग के अधिकारी नें बताया, “सरपंच का पत्र मिला है। SDO की देख रेख में क़ाम हो रहा हैँ और जाँच करना भी उसी का क़ाम हैँ। सीमेंट की खपत का मिलान स्टॉक रजिस्टर से करेंगे। गड़बड़ी मिली तो ठेका निरस्त कर FIR होगी।”
ग्रामीणों में आक्रोश…
अमलडीहा, कुकुर्दी, उदयबंद के किसानों का कहना है कि करोड़ों का एनीकट 12 गांवों की सिंचाई के लिए बना है। “भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया तो हजारों एकड़ फसल बर्बाद हो जाएगी”।
पहले भी उठा था मामला…
इसी एनीकट में शिवनाथ से चोरी की रेत उपयोग का आरोप पहले लग चुका है। अब सीमेंट चोरी का मामला सामने आने से निर्माण की गुणवत्ता पर बड़े सवाल खड़े हो गए हैं।




