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अहिवारा में विकास का ’स्वर्णकाल’ः विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा ने पेश किया 2 साल का ’महासचिव रिपोर्ट कार्ड

//1// नंदिनी-अहिवारा :- राजनीति में विश्वास और विकास ही सबसे बड़ी पूंजी है। इसी मंत्र के साथ अहिवारा विधानसभा के विधायक राजमहंत डोमनलाल कोर्सेवाड़ा ने आज एक महत्वपूर्ण पत्रकार वार्ता में अपने 2 साल के कार्यकाल का विस्तृत ’श्वेत पत्र’ जनता के समक्ष रखा। विधायक ने दस्तावेजों और आंकड़ों के साथ बताया कि पिछले दो वर्षों में विधानसभा क्षेत्र में कुल 292 करोड़ 58 लाख 52 हजार रुपये के विकास कार्यों की स्वीकृति मिली है। यह आंकड़ा अपने आप में अहिवारा के विकास की नई इबारत लिख रहा है।

विधायक श्री कोर्सेवाड़ा ने बताया कि वर्ष 2024-25 में जहाँ 123 करोड़ 78 लाख के कार्य हुए, वहीं आगामी वर्ष 2025-26 के लिए 168 करोड़ 80 लाख रुपये के कार्यों का रोडमैप तैयार कर स्वीकृति प्राप्त कर ली गई है।

शिक्षा के क्षेत्र में ऐतिहासिक सौगातेंः छात्रों के सपने होंगे पूरे
विधायक ने बताया कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की घोषणाओं पर त्वरित अमल करते हुए शिक्षा जगत को बड़ी उपलब्धियां मिली हैंः

ग्राम अछोटी डाइट : यहाँ अब शासकीय बी.एड. कॉलेज प्रारंभ होगा। इससे क्षेत्र के युवाओं को शिक्षक बनने के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा।
नंदिनी महाविद्यालयः नागरिक कल्याण महाविद्यालय में स्नातकोत्तर कक्षाएं प्रारंभ करने की स्वीकृति मिल गई है।
स्कूलों का उन्नयनः शासकीय हाई स्कूल मुरमुंदा का उन्नयन कर हायर सेकेंडरी स्कूल बनाया जा रहा है। साथ ही बानबरद में भी शासकीय हाई स्कूल प्रारंभ करने की घोषणा हुई है।

किसानों के लिए जीवनदायिनी सिंचाई परियोजनाएं
स्कूल शिक्षा मंत्री श्री गजेंद्र यादव की घोषणा के अनुरूप, किसानों के खेतों तक पानी पहुँचाने के लिए जलाशयों का जीर्णोद्धार किया जा रहा हैः

सहगांव उद्वहन सिंचाई योजना का जीर्णोद्धार।
कपसदा, नारधा और मोहंदी जलाशय का जीर्णोद्धार।
जल संसाधन विभाग के माध्यम से 9 अन्य कार्यों के लिए 76.69 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
शहरी विकासः नगर निगम और पालिकाओं का कायाकल्प
विधायक ने शहरी क्षेत्रों के विकास के लिए खजाना खोल दिया है।
दस्तावेजों के अनुसारः
नगर पालिक निगम भिलाई-चरोदाः कुल 181 कार्यों के लिए ऐतिहासिक 52 करोड़ 66 लाख 41 हजार रुपये स्वीकृत।
नगर पालिका परिषद अहिवाराः 69 कार्यों के लिए 21 करोड़ 68 लाख 20 हजार रुपये की स्वीकृति।
नगर पालिका परिषद जामुलः 69 कार्यों के लिए 8 करोड़ 45 लाख 67 हजार रुपये स्वीकृत।
ग्रामीण विकास और मनरेगा की रफ़्तार
गांवों के विकास को गति देते हुए जनपद पंचायतों के माध्यम से भी बड़ा निवेश किया गया हैः

जनपद पंचायत धमधा (मनरेगा)ः 278 कार्यों के लिए 17 करोड़ 11 लाख रुपये।
जनपद पंचायत दुर्ग (मनरेगा)ः 120 कार्यों के लिए 7 करोड़ 52 लाख रुपये।
पी.एच.ई. विभाग (बोर खनन)ः 40 कार्यों के लिए 69.61 लाख रुपये।
सड़क और अधोसंरचना
लोक निर्माण विभाग के माध्यम से क्षेत्र में सड़कों का जाल बिछाया जा रहा है। कुल 11 प्रमुख कार्यों के लिए 65 करोड़ 81 लाख 47 हजार रुपये की भारी-भरकम राशि स्वीकृत की गई है, जिससे आवागमन सुगम होगा। इसके अलावा जे.के. लक्ष्मी सीमेंट और ए.सी.सी. सीमेंट के माध्यम से भी सी.एस.आर. मद में करोड़ों के कार्य कराए जा रहे हैं।

प्रशासनिक सुकृढ़ीकरण और जनसेवा
उप-पंजीयक कार्यालय : भिलाई-03 और अहिवारा में रजिस्ट्री कार्यालय शुरू होना जनता के लिए बड़ी राहत है।
स्वेच्छानुदानः जरूरतमंदों की मदद के लिए मुख्यमंत्री, विधानसभा अध्यक्ष और विधायक निधि से कुल 231 व्यक्तियों को लगभग 20 लाख 35 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की गई है।
विधायक का संकल्प
पत्रकार वार्ता के अंत में विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा ने कहा, यह 292 करोड़ रुपये केवल आंकड़े नहीं, बल्कि अहिवारा की जनता के जीवन में आने वाले सकारात्मक बदलाव का प्रमाण हैं। मेरा लक्ष्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास पहुँचाना है।

Uttarakhand News- ‘विकसित भारत @2047: विकास भी, विरासत भी’ विषय पर 47वीं ऑल इंडिया पब्लिक रिलेशन कॉन्फ्रेंस में शामिल हुए CM धामी, बोले- एक जनपद, दो उत्पाद से बढ़ेगा स्थानीय विकास….

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज होटल एमरॉल्ड ग्रैण्ड, सहस्त्रधारा रोड, देहरादून में आयोजित 47वीं ऑल इंडिया पब्लिक रिलेशन कॉन्फ्रेंस–2025 में प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्वलन कर सम्मेलन का शुभारंभ किया तथा कॉन्फ्रेंस स्थल पर आयोजित फोटो प्रदर्शनी का अवलोकन करने के साथ ही विभिन्न हस्तशिल्प उत्पादों के स्टॉल का निरीक्षण कर स्थानीय कला एवं शिल्प को प्रोत्साहन दिया।

देहरादून 13 से 15 दिसंबर तक 47वीं ऑल इंडिया पब्लिक रिलेशंस कॉन्फ्रेंस की मेज़बानी कर रहा है, जिसमें देशभर के जनसंपर्क एवं कम्युनिकेशन प्रोफेशनल्स भाग ले रहे हैं। पब्लिक रिलेशंस सोसाइटी ऑफ इंडिया (PRSI) द्वारा आयोजित यह सम्मेलन “विकसित भारत @2047: विकास भी, विरासत भी” थीम पर केंद्रित है।

सम्मेलन का उद्घाटन आज 13 दिसंबर को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया। तीन दिवसीय आयोजन में उत्तराखण्ड की 25 वर्ष की विकास यात्रा, मीडिया व जनसंपर्क की भूमिका, तकनीक, GST, AI, साइबर क्राइम, मिसइन्फॉर्मेशन और अंतरराष्ट्रीय जनसंपर्क जैसे विषयों पर विशेषज्ञ सत्र आयोजित होंगे। रूस से आए प्रतिनिधियों की सहभागिता सम्मेलन को अंतरराष्ट्रीय स्वरूप देगी। 15 दिसंबर को सम्मेलन का समापन होगा।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने देशभर से आए जनसंपर्क विशेषज्ञों, प्रतिनिधियों एवं युवा प्रतिभाओं का स्वागत करते हुए कहा कि इस वर्ष की थीम “पीआर विजन फॉर–2047” विकसित भारत के संकल्प को साकार करने की दिशा में अत्यंत प्रासंगिक है। उन्होंने कहा कि आज के समय में पब्लिक रिलेशन केवल सूचना संप्रेषण का माध्यम नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण की प्रक्रिया का एक महत्वपूर्ण और प्रभावी अंग बन चुका है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान डिजिटल युग में, जहाँ एक ओर सूचना की प्रचुरता है, वहीं दूसरी ओर गलत सूचना की चुनौती भी गंभीर है। ऐसे में सरकार और जनता के बीच सही, समयबद्ध और भरोसेमंद संवाद स्थापित करना जनसंपर्क की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड जैसे प्राकृतिक आपदाओं एवं सामरिक दृष्टि से संवेदनशील राज्य में संवाद केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि विश्वास की बुनियाद है।

उन्होंने कहा कि आपदा प्रबंधन, सुशासन, धार्मिक एवं पर्यटन प्रबंधन जैसे क्षेत्रों में भविष्य की पीआर प्रणाली को तेज, तकनीकी रूप से सक्षम और जनभावनाओं के प्रति संवेदनशील बनाना होगा, ताकि सरकार और जनता के बीच आदेश का नहीं बल्कि साझेदारी और विश्वास का संबंध स्थापित हो सके।

सीएम धामी ने विश्वास व्यक्त किया कि पब्लिक रिलेशन संकट के समय एक सक्षम कमांड सेंटर की भूमिका निभाने के साथ-साथ, देश के लिए सकारात्मक नैरेटिव गढ़ने में भी महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि उत्तराखण्ड से निकला यह विजन विकसित भारत–2047 के निर्माण में सहायक सिद्ध होगा।

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में राज्य की विकास यात्रा पर प्रकाश डालते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में उत्तराखण्ड निरंतर प्रगति के पथ पर अग्रसर है। उन्होंने बताया कि राज्य की अर्थव्यवस्था का आकार लगभग 3.78 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचने जा रहा है तथा प्रति व्यक्ति आय में भी उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। इसके साथ ही राज्य में बजट में अभूतपूर्व बढ़ोतरी और बेरोजगारी दर में ऐतिहासिक कमी आई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, खेल, पेयजल, हवाई एवं रेल कनेक्टिविटी जैसे क्षेत्रों में आधुनिक अवसंरचना का विकास तेज़ी से किया जा रहा है। धार्मिक पर्यटन, वेलनेस, एडवेंचर टूरिज्म, फिल्म शूटिंग एवं वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में उत्तराखण्ड को वैश्विक पहचान दिलाने की दिशा में भी सरकार निरंतर प्रयासरत है।

उन्होंने बताया कि ऋषिकेश–कर्णप्रयाग रेल परियोजना, दिल्ली–देहरादून एक्सप्रेस-वे, रोपवे परियोजनाएं तथा हवाई अड्डों के विस्तार जैसे कार्य राज्य के विकास को नई गति दे रहे हैं। साथ ही शीतकालीन यात्रा की पहल के माध्यम से वर्ष भर पर्यटन को बढ़ावा दिया जा रहा है।

उन्होंने निवेश, उद्योग और स्थानीय अर्थव्यवस्था को सशक्त करने के लिए किए जा रहे प्रयासों का उल्लेख करते हुए कहा कि ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के माध्यम से प्राप्त निवेश प्रस्तावों को धरातल पर उतारने में राज्य को उल्लेखनीय सफलता मिली है। सिंगल विंडो सिस्टम, नई औद्योगिक एवं स्टार्टअप नीतियों से उत्तराखण्ड निवेश के लिए एक उभरता हुआ केंद्र बनकर सामने आया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि “एक जनपद–दो उत्पाद”, हाउस ऑफ हिमालयाज, मिलेट मिशन, नई पर्यटन एवं फिल्म नीति जैसी योजनाएं स्थानीय आजीविका को मजबूती प्रदान कर रही हैं। राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग्स में उत्तराखण्ड की उपलब्धियां राज्य के पारदर्शी, प्रभावी और जनभागीदारी आधारित शासन का प्रमाण हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार विकास के साथ-साथ सांस्कृतिक मूल्यों, जनसंख्या संतुलन और सामाजिक संरचना के संरक्षण के लिए भी पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड की नीतियां और नवाचार आज देश के अन्य राज्यों के लिए आदर्श बन रहे हैं और विकसित भारत–2047 की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।

केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने आज छत्तीसगढ़ के जगदलपुर में बस्तर ओलिंपिक के समापन समारोह को संबोधित किया…..

रायपुर: केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने आज छत्तीसगढ़ के जगदलपुर में बस्तर ओलिंपिक के समापन समारोह को संबोधित किया। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय और उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

इस अवसर पर केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने कहा कि हमने तय किया था कि 31 मार्च, 2026 से पहले पूरे देश से लाल आतंक को खत्म कर देंगे और आज बस्तर ओलंपिक- 2025 में हम इस कगार पर खड़े हैं। उन्होंने कहा कि अगले वर्ष नवंबर-दिसंबर तक बस्तर ओलंपिक-2026 के समय तक पूरे भारत और छत्तीसगढ़ से लाल आतंक समाप्त हो चुका होगा औऱ नक्सलमुक्त बस्तर आगे बढ़ रहा होगा।

श्री अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में हमने यह संकल्प लिया है कि पूरे बस्तर और भारत को नक्सलमुक्त कराना है। उन्होंने कहा कि हमें यहीं नहीं रुकना बल्कि कांकेर, कोंडागांव, बस्तर, सुकमा, बीजापुर, नारायणपुर और दंतेवाड़ा के 7 ज़िलों का संभाग बस्तर, दिसंबर 2030 दिसंबर तक देश के सबसे अधिक विकसित आदिवासी संभाग बनेगा। उन्होंने कहा कि बस्तर के हर व्यक्ति को रहने के लिए घर, बिजली, शौचालय, नल से पीने का पानी, गैस सिलिंडर, 5 किलो अनाज और 5 लाख तक का मुफ्त इलाज, बस्तर के घर घर में पहुचाने का संकल्प हमारी सरकार का संकल्प है। श्री शाह ने कहा कि हमने अगले पांच साल में बस्तर को देश का सबसे विकसित आदिवासी संभाग बनाने का संकल्प लिया है। उन्होंने कहा कि इसमें प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व में भारत सरकार और श्री विष्णुदेव साय जी के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार कंधे से कंधा मिलाकर बस्तर को विकसित बस्तर बनाने के लिए मिलकर आगे बढ़ेंगे।

केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि बस्तर का हर गांव सड़क से जुड़ेगा, वहां बिजली होगी, 5 किलोमीटर के क्षेत्र में बैंकिंग सुविधाएं होंगी और सबसे घने पीएचसी/सीएचसी का नेटवर्क बनाने का काम भी हमारी सरकार करेगी। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में वन उपज की प्रोसेसिंग के लिए कोऑपरेटिव आधार पर यूनिट्स लगाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि बस्तर के सातों ज़िले सभी आदिवासी ज़िलों में सबसे अधिक दूध उत्पादन कर डेयरी के माध्यम से अपनी आय बढ़ाने वाले ज़िले बनेंगे। उन्होंने कहा कि बस्तर में नए उद्योग, उच्च शिक्षा की व्यवस्था, भारत में सबसे अच्छा स्पोर्ट्स संकुल और अत्याधुनिक अस्पताल की व्यवस्था भी हम करेंगे। श्री शाह ने कहा कि कुपोषण के लिए भी यहां विशेष स्कीम चलाई जाएगी। उन्होंने कहा कि जिन्होंने आत्मसमर्पण किया है और जो नक्सलवाद के कारण घायल हुए हैं, उनके लिए एक बहुत आकर्षक पुनर्वसन योजना भी हम लाएंगे। गृह मंत्री ने कहा कि हमारा लक्ष्य है कि नक्सलवाद समाप्त हो क्योंकि नक्सलवादी इस क्षेत्र के विकास पर नाग बनकर फन फैलाए बैठे हैं। उन्होंने कहा कि नक्सलवाद समाप्त होने के साथ ही इस क्षेत्र में विकास की एक नई शुरूआत होगी और प्रधानमंत्री मोदी जी और श्री विष्णुदेव जी के नेतृत्व में यह सबसे विकसित क्षेत्र बनेगा।

श्री अमित शाह ने कहा कि बस्तर ओलंपिक-2025 में सात ज़िलों की सात टीमें और एक टीम आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों की थी। उन्होंने कहा कि जब 700 से अधिक सरेंडर्ड नक्सलियों ने इन खेलों में भाग लिया तो यह देखकर बहुत अच्छा लगा। उन्होंने कहा कि नक्सलवाद के झांसे में आकर उनका पूरा जीवन तबाह हो जाता और हथियार डालकर मुख्यधारा में आने वाले ऐसे 700 से अधिक युवा आज खेल के रास्ते पर आए हैं। श्री शाह ने दोहराया कि 31 मार्च, 2026 को यह देश नक्सलवाद से मुक्त हो जाएगा। उन्होंने हिंसा में लिप्त नक्सलियों से अपील करते हुए कहा कि अब भी गुमराह होकर हमारे ही जो लोग हाथ में हथियार लेकर बैठे हैं, वो हथियार डाल दें, पुनर्वसन नीति का फायदा उठाएं, अपने और अपने परिवार के कल्याण के बारे में सोचें और विकसित बस्तर के संकल्प के साथ जुड़ जाएं। उन्होंने कहा कि नक्सलवाद से किसी का भला नहीं होता, न हथियार उठाने वाले लोगों का, न आदिवासियों और न सुरक्षाबलों का भला होता है। उन्होंने कहा कि सिर्फ शांति ही विकास का रास्ता प्रशस्त कर सकती है।

केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री ने कहा कि आत्मसमर्पण कर चुके 700 नक्सलियों ने इन खेलों में खिलाड़ी के रूप में सामने आकर पूरे देश के लिए बहुत बड़ा उदाहरण प्रस्तुत किया है। उन्होंने कहा कि इन खिलाड़ियों ने भय की जगह आशा चुनी, विभाजन की जगह एकता का रास्ता चुना और विनाश की जगह विकास का रास्ता चुना है और यही प्रधानमंत्री मोदी जी की नए भारत और विकसित बस्तर की संकल्पना है। उन्होंने कहा कि हमारे बस्तर की संस्कृति दुनियाभर में सबसे अधिक समृद्ध संस्कृति है। उन्होंने कहा कि सभी जनजातियों का खानपान, परिवेश, कला, वाद्य, नृत्य और पारंपरिक खेल सिर्फ छत्तीसगढ़ की नहीं बल्कि पूरे भारत की सबसे समृद्ध विरासत है।

श्री अमित शाह ने कहा कि हाल ही में छत्तीसगढ़ सरकार ने आधुनिक रिकॉर्डिंग स्टूडियो बनाकर यहां के पारंपरिक गीतों को सहेजने का काम किया है। उन्होंने कहा कि ऐसे कई परंपरागत उत्सव और त्योहार जो नक्सलवाद के लाल आतंक के साए में समाप्त होने की कगार पर थे, उन्हें भी आगे बढ़ाया गया है। उन्होंने कहा कि आज जिन खिलाड़ियों ने बस्तर ओलंपिक में भाग लिया है, उनकी प्रतिभा को पहचानने के लिए स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अधिकारियों की एक टीम यहां आई है। श्री शाह ने कहा कि इन खिलाड़ियों की प्रतिभा को पहचानकर आने वाले कॉमनवेल्थ गेम्स और ओलंपिक खेलों में बस्तर के खिलाड़ी खेलें, वहां तक ले जाने की व्यवस्था हमारी सरकार ने की है। श्री शाह ने कहा कि पिछले वर्ष बस्तर ओलंपिक में 1 लाख 65 हज़ार खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया था, जबकि इस वर्ष 3 लाख 91 हज़ार खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया है, जो लगभग ढाई गुना की वृद्धि है और बहनों की प्रतिभागिता में लगभग तीन गुना वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि यह उत्साह देखकर आने वाले दिनों में प्रधानमंत्री मोदी जी ने खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स के लिए छत्तीसगढ़ को चुना है।

केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि बस्तर अब बदल रहा है और बस्तर अब भय नहीं भविष्य का पर्याय बन चुका है, जहां गोलियों की गूंज सुनाई देती थी, वहां आज स्कूल की घंटियां बज रही हैं। जहां सड़क बनाना एक सपना था, वहां आज रेलवे ट्रैक और राजमार्ग बिछाए जा रहे हैं, जहां लाल सलाम के नारे लगते थे, वहां आज भारत माता की जय के नारे लगते हैं। उन्होंने कहा कि हम सब विकसित बस्तर के लिए कृत संकल्पित हैं। उन्होंने कहा कि भारत सरकार और छत्तीसगढ़ सरकार ने मुठभेड़ों में नक्सलियों को मारने का लक्ष्य नही रखा था, क्योंकि 2000 से अधिक नक्सली युवाओं ने सरेंडर भी किया है। उन्होंने कहा कि हमारे आदिवासी समाज के प्रमुखों ने इसमें बहुत बड़ा योगदान दिया है, उनके मार्गदर्शन ने नक्सली युवाओं को ढांढस भी बंधाया है और हिम्मत भी दी है। गृह मंत्री ने समाज के प्रमुखों और समाजसेवकों से अपील करते हुए कहा कि जो लोग आज भी हथियार लेकर घूम रहे हैं, वे उन्हें समझाकर समाज की मुख्यधारा वापिस में लाने का काम करें।

आकांक्षा महिला स्वयं सहायता समूह द्वारा स्थापित पोषण आहार निर्माण से यूनिट मिला रोजगार का अवसर….

रायपुर: एकीकृत बाल विकास सेवाएँ (आई.सी.डी.एस) अंतर्गत आँगनवाडी केन्द्रों द्वारा दी जाने वाली छः सेवाओं में से पूरक पोषण आहार एक महत्वपूर्ण सेवा हैं । आँगनवाडी केन्द्रों के माध्यम से 6 माह से 3 वर्ष आयु के बच्चों] 3 वर्ष से 6 वर्ष आयु के बच्चों तथा गर्भवती व शिशुवती महिलाओं को पूरक पोषण आहार का प्रदाय किया जाता हैं ।  योजना के अंतर्गत 11 से 14 वर्ष आयु की शाला त्यागी किशोरी बालिकाओ तथा 14 से 18 आयु वर्ग की सभी किशोरी बालिकाओं को प्रतिदिन 5/- रू. के मान से पूरक पोषण आहार का प्रदाय किया जा रहा हैं।

सूरजपुर जिला के 366 आंगनबाड़ी केंद्रों को मिलेगा लाभ

ज्ञातव्य है कि छत्तीसगढ़ शासन की महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण विभाग के मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े द्वारा विकासखंड भैयाथान के दर्रीपारा में आकांक्षा महिला स्वयं सहायता समूह द्वारा पूरक पोषण आहार कार्यक्रम अंतर्गत स्थापित इस संयंत्र का गत लोकार्पण किया गया था।

सूरजपुर जिला के 366 आंगनबाड़ी केंद्रों को मिलेगा लाभ

366 आंगनबाड़ी केंद्रों को नियमित की जाएगी आपूर्ति 

जिला सूरजपुर की एकीकृत बाल विकास परियोजना भैयाथान अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों एवं महिलाओं को गुणवत्तापूर्ण पूरक पोषण आहार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आकांक्षा महिला स्वयं सहायता समूह, दर्रीपारा का चयन किया गया था।  इस आकांक्षा महिला स्वयं सहायता समूह, दर्रीपारा द्वारा लगभग 90 लाख रुपये की लागत से मीठा शक्ति आहार एवं पौष्टिक नमकीन दलिया निर्माण हेतु आधुनिक यूनिट की स्थापना की गई थी। महिला बाल विकास विभाग द्वारा मिली जानकारी में बताया गया कि इस यूनिट के माध्यम से परियोजना भैयाथान के अंतर्गत संचालित 366 आंगनबाड़ी केंद्रों के लिए लगभग 35 मीट्रिक टन मीठा शक्ति आहार एवं पौष्टिक नमकीन दलिया का निर्माण कर नियमित आपूर्ति की जाएगी।

सूरजपुर जिला के 366 आंगनबाड़ी केंद्रों को मिलेगा लाभ

महिला स्वयं सहायता समूहों को रोजगार का अवसर 

इस संयंत्र के माध्यम से एकीकृत बाल विकास परियोजना भैयाथान के आंगनबाड़ी केंद्रों में पूरक पोषण आहार का वितरण सुनिश्चित किया जाएगा। यह पहल बच्चों एवं गर्भवती  महिलाओं के पोषण स्तर में सुधार के साथ-साथ महिला स्वयं सहायता समूहों को रोजगार एवं आत्मनिर्भरता प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

प्रधानमंत्री की परीक्षा पे चर्चा की शुरूआत: विद्यार्थियों को सीधे संवाद का अवसर, विद्यार्थी, शिक्षक और अभिभावकों को परीक्षा के तनाव से मिलेगी मुक्ति….

रायपुर: परीक्षा पे चर्चा 2026 का नौवां संस्करण जनवरी 2026 में आयोजित होगा। केन्द्रीय शिक्षा मंत्रालय ने बताया कि यह कार्यक्रम पीएम मोदी का एक इंटरैक्टिव प्लेटफॉर्म है, जिसमें देश-विदेश के विद्यार्थी, शिक्षक और अभिभावक परीक्षा से जुड़े तनाव, अनुभव और सकारात्मक तैयारी पर चर्चा करते हैं। कार्यक्रम के लिए रजिस्ट्रेशन  MyGov पोर्टल (innovateindia1.mygov.in) पर शुरू हो चुके हैं और इसकी अंतिम तिथि 11 जनवरी 2026 है। कक्षा 6 से 12 तक के विद्यार्थीए शिक्षक और अभिभावक ऑनलाइन डब्फ आधारित प्रतियोगिता में हिस्सा ले सकते हैं।

तनाव को कम करने का प्रयास

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ देशभर के विद्यार्थियों, शिक्षकों और पालकों को सीधे संवाद करने का एक और सुनहरा अवसर मिल रहा है। प्रतिवर्ष की भाँति इस वर्ष भी परीक्षा पे चर्चा के भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा जो इस श्रंखला का 9 वाँ संस्करण होगा। इस मंच के माध्यम से  प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी राज्यों से चयनित बच्चों द्वारा परीक्षा से संबंधित पूछे गए सवालों के जवाब देकर उनका मार्गदर्शन करेंगे और उनके तनाव को कम करने का प्रयास करेंगे।

सपनों और लक्ष्यों को पूरा करने के लिए उनकी मदद कर सकें

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी माता-पिता और शिक्षकों के साथ बातचीत भी करते हैं, ताकि वे छात्रों के सभी सपनों और लक्ष्यों को पूरा करने के लिए उनकी मदद कर सकें और अपने बच्चों और छात्रों को एग्जाम के तनाव को दूर करने में मदद कर सकें।  परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम में केवल कक्षा 6 से कक्षा 12 तक के छात्र एवं कक्षा 6 से 12 छात्रों के पेरेंट्स रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। रजिस्ट्रेशन करके वे अपना सर्टिफिकेट डाउनलोड कर सकते हैं। गौरतलब है कि पीपीसी 2025 के 8 वें संस्करण ने भारत और विदेशों में छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों से पंजीकरण के मामले में एक अभूतपूर्व मील का पत्थर स्थापित किया है। कार्यक्रम की अपार लोकप्रियता छात्रों के मानसिक स्वास्थ्य को संबोधित करने और परीक्षाओं के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण को बढ़ावा देने में इसकी सफलता को उजागर करती है।

प्रतिभागी अपने प्रश्न 11 जनवरी 2026 तक अपलोड कर सकते हैं

इस कार्यक्रम में कक्षा 6 से 12 वीं के विद्यार्थी, शिक्षक और अभिभावक सभी अपने प्रश्न अधिकतम 500 शब्दों में तैयार कर सकते हैं। प्रश्न अपलोड करने की सुविधा भारत सरकार के पोर्टल   http://innovateindia1.mygov.in  पर उपलब्ध है।  परीक्षा पे चर्चा विकल्प में प्रतिभागी पुरस्कारों से जुडी तिथियों और अन्य दिशा-निर्देशों की जानकारी देख सकते हैं। कार्यक्रम के लिए प्रश्न अपलोड करने की प्रक्रिया 1 दिसंबर 2025 से शुरू हो चुकी है और प्रतिभागी अपने प्रश्न 11 जनवरी 2026 तक जमा (अपलोड)कर सकते हैं।

नक्सलवाद के उन्मूलन के साथ-साथ बस्तर में मूलभूत सुविधाओं का तेजी से हो रहा विकास – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय….

रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा है कि बस्तर अंचल का विकास राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। नक्सलवाद के उन्मूलन के साथ-साथ बस्तर में मूलभूत सुविधाओं का विकास तेजी से किया जा रहा है और बस्तर अब विकास की दिशा में सशक्त गति से आगे बढ़ रहा है। मुख्यमंत्री श्री साय आज जगदलपुर में आयोजित बस्तर ओलम्पिक 2025 के समापन समारोह को संबोधित कर रहे थे।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ एक समृद्ध राज्य है, किंतु माओवाद की समस्या प्रारंभ से ही राज्य के विकास में एक बड़ी बाधा रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह के दृढ़ संकल्प के कारण अब माओवाद के अंत की स्पष्ट समय-सीमा तय की गई है। नियद नेल्ला नार योजना के दायरे को 5 किलोमीटर से बढ़ाकर 10 किलोमीटर तक विस्तारित किया गया है, जिसके माध्यम से 403 गांवों में बिजली, पेयजल, स्वास्थ्य, शिक्षा सहित अन्य मूलभूत सुविधाएं तेजी से पहुंचने लगी हैं।

मुख्यमंत्री श्री साय ने आगे कहा कि माओवाद के कारण बंद पड़े स्कूल अब पुनः खुल रहे हैं। सड़कों का व्यापक नेटवर्क विकसित कर अंदरूनी इलाकों को आवागमन की सुविधा से जोड़ा जा रहा है। माओवाद से मुक्त गांवों में जनहितकारी योजनाओं का पूर्ण सेचुरेशन किया जा रहा है। इन सभी सकारात्मक प्रयासों के परिणामस्वरूप विकास के प्रति आमजन का विश्वास लगातार बढ़ रहा है। मुख्यमंत्री श्री साय ने बस्तर ओलम्पिक में भाग लेने वाले सभी प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें बधाई दी तथा आगामी वर्ष और बेहतर प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं प्रेषित कीं।

इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि बस्तर देश में एक नया इतिहास रच रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि 31 मार्च 2026 तक नक्सलवाद पूर्ण रूप से समाप्त होगा और बस्तर पुनः खुशहाल बनेगा। कार्यक्रम को उपमुख्यमंत्रीद्वय श्री अरुण साव एवं श्री विजय शर्मा ने भी संबोधित किया और बस्तर ओलम्पिक के सफल आयोजन के लिए खिलाड़ियों को बधाई दी। विधायक जगदलपुर श्री किरण देव ने स्वागत उद्बोधन में सभी अतिथियों एवं खिलाड़ियों का आत्मीय स्वागत किया। समारोह के अंत में सांसद श्री महेश कश्यप ने आभार व्यक्त किया।

इस मौके पर केबिनेट मंत्री श्री केदार कश्यप, सांसद श्री भोजराज नाग, बस्तर क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष सुश्री लता उसेंडी, विधायक सर्वश्री विक्रम उसेंडी, श्री नीलकंठ टेकाम, विनायक गोयल, श्री आशाराम नेताम, छत्तीसगढ़ बेवरेज कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष श्री श्रीनिवास राव मद्दी, छत्तीसगढ़ अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष श्री रूपसिंह मंडावी, छत्तीसगढ़ राज्य युवा आयोग के अध्यक्ष श्री विश्व विजय सिंह तोमर, नगर निगम जगदलपुर के महापौर श्री संजय पांडे सहित अनेक जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में खेलप्रेमी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

CG – तेज रफ्तार बनी काल : बस की टक्कर से दो युवकों की मौत, एक की हालत गंभीर, गाड़ी के उड़े परखच्चे……

बलरामपुर। छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में तेज रफ्तार बस की टक्कर से बाइक सवार दो युवकों की मौके पर मौत हो गई। एक युवक गंभीर रूप से घायल हुआ है, जिसे अंबिकापुर रेफर किया गया है। यह हादसा जनपद कार्यालय के पास कुसमी-अंबिकापुर मुख्य मार्ग पर हुआ।

टक्कर इतनी भयानक थी कि बाइक के आगे का हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। इस हादसे में सुशील नगेशिया (18) और उसपाल नगेशिया (19) ग्राम मोतीनगर निवासी की मौत हुई है। वहीं तीसरा युवक संजू नगेशिया (16) गंभीर रूप से घायल हुआ है।

घटना की सूचना पर कुसमी पुलिस मौके पर पहुंची। दोनों युवकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। वहीं हादसे के बाद बस ड्राइवर फरार हो गया है। बस को जब्त कर पुलिस ड्राइवर की तलाश में जुटी है। इधर हादसे की सूचना मिलते ही गांव में मातम पसर गया है। परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल हो गया है।

CG -BSP में ढाई साल पहले हुई दुर्घटना पर पुलिस ने लिया एक्शन, भिलाई इस्पात संयंत्र के CGM, शिफ्ट इंचार्ज समेत 3 को किया गिरफ्तार……

दुर्ग। भिलाई इस्पात संयंत्र में ढाई साल पहले हुए हादसे के मामले में पुलिस ने बीएसपी के 2 अधिकारी और एक ठेकेदार को गिरफ्तार किया है। आरोपियों में एसएमएस-02 के मुख्य महाप्रबंधक, शिफ्ट इंचार्ज यांत्रिकी और मारूति कंस्ट्रक्शन कंपनी का ठेकेदार शामिल है। पूरा मामला भिलाई भट्ठी थाना क्षेत्र का है।

भिलाई भट्ठी थाना प्रभारी राजेश साहू ने बताया कि 25 अप्रैल 2023 को बीएसपी के एसएमएस-2 कंटीन्युअस कास्टिंग शॉप के कास्टर नंबर-6 में इक्यूपमेंट कूलिंग पाइप लाइन बदलने का काम चल रहा था। पाइप शिफ्टिंग के समय वहां मौजूद ज्वलनशील पदार्थ में अचानक आग लग गई। हादसे में मौके पर काम कर रहे 4 ठेका श्रमिक राजू तांडी, रमेश मौर्य, अमित सिंह और रंजित सिंह गंभीर रूप से झुलस गए थे। सभी को इलाज के लिए सेक्टर-9 अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान रंजित सिंह की मौत हो गई थी।

घटना के बाद भिलाई भट्ठी थाने में मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू की गई थी। जांच के दौरान सामने आया कि यह हादसा सुरक्षा मानकों की अनदेखी और लापरवाही के कारण हुई थी। बीएसपी के कारखाना प्रबंधन और संबंधित ठेका कंपनी ने आवश्यक सुरक्षा इंतजाम नहीं किए थे।

इन लोगाें की हुई गिरफ्तारी

बीएसपी एसएमएस-02 के मुख्य महाप्रबंधक सुशांता कुमार घोषाल (56) निवासी क्वार्टर नंबर बीकेडी-21।
सेक्टर-09 शिफ्ट इंचार्ज यांत्रिकी धीरेन्द्र कुमार कुशवाहा (30), निवासी सेक्टर-08।
मारूति कंस्ट्रक्शन कंपनी के ठेकेदार अभय कुमार (57), निवासी विद्या विहार, थाना सुपेला।

CG – युवक के मोबाइल पर आया कॉल, बोला – लड़की को प्रेग्नेंट करो, रुपये पाओ, जाने फिर ऐसा क्या हुआ कि ले ली खुद की जान…..

बिलासपुर। साइबर ठगों ने शातिर तरीके से एक युवक को अपने जाल में फसाया। लड़की को गर्भवती करने पर रुपये देने का झांसा दिया। युवक के मोबाइल पर कॉल आया और इस तरह का ऑफर भी। युवक अनजान कॉलर के झांसे में आ गया। झांसेबाज ने एक शर्त रखी। शर्त रखी कि बैंक में अपना अकाउंट खुलवाकर डिटेल वाट्सएप के जरिए भेज दे। एक बैंक का डिटेल भेजने के बाद एक और बैंक में अकाउंट खुलवाने और डिटेल भेजने कहा। ठगाें के झांसे और लालच में आकर युवक ने बिना सोचे समझे दूसरे बैंक में अकाउंट खुलवाया और डिटेल भेज दिया। बैंक अकाउंट खुलने के कुछ दिनों बाद बैंक के कर्मचारी इस बात से हैरान रह गए कि अकाउंट में लगातार रकम जमा हो रही है और तत्काल उसे दूसरे बैंक अकाउंट में ट्रांसफर भी कर दिया जा रहा है।

मामला छत्तीसगढ़ बिलासपुर के सकरी थाना का है। यहां रहने वाले युवक कामेश्वर के मोबाइल नंबर पर अनजान कॉलर ने कॉल किया था। लालच में आकर कामेश्वर ने पहले पंजाब नेशनल बैंक में अपना खाता खुलवाया। जब बैंक डिटेल वाट्सएप के जरिए भेजा तब ठगों ने फिर झांसा दिया और कामेश्वर को कॉल कर कहा कि पीएनबी के अकाउंट में रुपये ट्रांसफर नहीं हो रहे हैं। दूसरे बैंक में अकाउंट खुलवाने और बैंक डिटेल भेजने कहा। तब कामेश्वर ने केनरा बैंक में अकाउंट खुलवाया और डिटेल बताए गए वाट्सएप नंबर पर पोस्ट कर दिया।

14 जुलाई को बैंक से कामेश्वर के पास कॉल आया,जब वह बैंक गया तब बैंक के अधिकारियों ने उनके खाते में पैसे जमा कराने का फ्लो बहुत ज्यादा है। यह भी बताया कि उन पैसों को दूसरे अकाउंट में तत्काल ट्रांसफर किया जा रहा है। बैंक अफसरों ने कामेश्वर को बैंक डिटेल भी बताया। पैसे के लेनदेन के बारे में कामेश्वर बैंक अफसरों को कुछ जानकारी नहीं दे पाया। डरा सहमा कामेश्वर बैंक अफसरों को अपने साथ घटी घटना की जानकारी दी और घर लौट आया। बैंक अफसरों ने बताया कि वह साइबर ठगी का शिकार हो गया है।

ठगों ने झांसे में लेकर बैंक अकाउंट खुलवा लिया है। गैरकानूनी पैसे के लेनदेन के लिए उनके बैंक अकाउंट का इस्तेमाल हो रहा है। ठगों के जाल में जानकारी होने के बाद वह डरा सहमा रहने लगा और चार दिन बाद ट्रेन से कटकर जान दे दी। सकरी पुलिस ने मामला दर्ज कर मोबाइल नंबर के आधार पर जांच शुरू कर दी है।

CG – चांपा रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म-4 पर मिली नवजात बच्ची जिला प्रशासन ने की त्वरित कार्रवाई…पढ़े पूरी ख़बर

छत्तीसगढ़:चांपा रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 4 पर एक नवजात बच्ची मिलने के संवेदनशील मामले में जिला प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बच्ची को सुरक्षित संरक्षण प्रदान किया है। जानकारी के अनुसार, घटना की सूचना मिलते ही कलेक्टर जन्मेजय मोहबे के निर्देश पर महिला एवं बाल विकास विभाग की टीम सक्रिय हो गई।

जिला कार्यक्रम अधिकारी अनीता अग्रवाल के मार्गदर्शन और जिला बाल संरक्षण अधिकारी गजेंद्र सिंह जायसवाल के नेतृत्व में रेलवे पुलिस और चाइल्डलाइन की सहायता से नवजात बालिका को तुरंत जिला अस्पताल जांजगीर में भर्ती कराया गया। चिकित्सकों के अनुसार बच्ची की उम्र करीब 10 से 15 दिन है।

प्राथमिक उपचार के बाद नवजात को बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां समिति के आदेश पर उसे कोरबा स्थित विशेषीकृत दत्तक ग्रहण संस्था में संरक्षण हेतु भेजा गया। वर्तमान में बच्ची पूरी तरह सुरक्षित और स्वस्थ बताई जा रही है।

जिला प्रशासन ने बताया कि मामले में आगे की आवश्यक कार्यवाही जारी है।